Thursday, 13 July 2017

सीएम हेल्पलाइन के प्रकरण समय-सीमा में निराकृत करें-- कलेक्टर
इंदौर 13 जुलाई,2017
कलेक्टर श्री निशांत वरवड़े ने आज कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में सीएम हेल्पलाइन की समीक्षा करते हुये कहा कि अधिकारीगण सीएम हेल्पलाइन प्रकरणों को सर्वोच्च प्राथमिकता दें तथा सीएम हेल्पलाइन के प्रकरण समय-सीमा में निराकृत करें। प्रकरण निराकृत करने के उपरांत हितग्राही को उसकी सूचना लिखित रूप से दें। प्रकरण की सुनवाई के दौरान हितग्राही के पक्ष को भी निश्चित रूप से सुना जाये। एक तरफा फसला नहीं किया जाये। न्यायालय में लंबित प्रकरणों के संबंध में अंतिम फैसला न्यायालय ही करेगा।
उन्होंने कहा कि अधिकारीगण जरूरत पड़ने पर मौके का निरीक्षण करें, उसके बाद कोई निर्णय लें। कलेक्टर श्री वरवड़े ने आज राजस्व, ग्रामीण विकास, ग्राम एवं नगर निवेश, पिछड़ा वर्ग कल्याण वर्ग के चयनित प्रकरणों की सुनवाई अपने समक्ष में की तथा आवश्यक दिशा निर्देश दिये। उन्होंने मौके पर ही मेडिकेप्स विश्वविद्यालय प्रबंधन को निर्देशित किया कि वे अभिजीत पिता अनिरूद्ध सिंह बी.ई.प्रथम वर्ष को 24 घण्टे में अनापत्ति प्रमाण-पत्र जारी करें। बैठक में राजस्व, पंजीयन, सहकारिता, पिछड़ा वर्ग कल्याण, ग्राम एवं नगर निवेश आदि विभागों के अधिकारी मौजूद थे।
सिंह/कपूर

दो कर्मचारियों के नाम वर्मा पुरस्कार के लिए प्रेषित
इंदौर, 13 जुलाई 2017
संभागीय संयुक्त संचालक, महिला एवं बाल विकास विभाग, श्री राजेश मेहरा ने बताया कि उत्कृष्ट कार्य वाले कर्मचारियों को प्रति वर्ष सुशील चन्द्र वर्मा पुरस्कार दिया जाता हैं। वर्ष 2016-2017 हेतु पुरस्कार से सम्मानित करने के लिए संचालनालय महिला एवं बाल विकास विभाग उत्कृष्ट कर्मचारियों के प्रस्ताव कार्यालय प्रमुख से चाहे गये थे। 
उक्त पुरस्कार हेतु संभागीय कार्यालय में पदस्थ श्री अरुण कुमार जोशी, सहायक ग्रेड-2 एवं श्रीमती मधु बाई नामदेव, भृत्य को वर्ष 2016-17 के पुरस्कार हेतु प्रस्ताव संचालनालय, महिला बाल विकास विभाग को प्रेषित किये गये थे, जो कि आयुक्त एकीकृत बाल विकास सेवा आयोग द्वारा अनुशंसा सहित राज्य शासन को प्रस्ताव प्रेषित किये गये हैं। संभागीय सयुक्त संचालक ने बताया कि उक्त दोनों कर्मचारी कर्तव्य के समर्पित हैं। अत: उनके प्रस्ताव प्रेषित किये गये हैं। 
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 सिंह/गरिमा

प्रकरण श्रम न्यायालय इंदौर को सौपने के आदेश जारी
इंदौर, 13 जुलाई 2017
श्रम आयुक्त इंदौर ने सेवानियुक्त और सेवानियोजक के मध्य उत्पन्न विवाद को औद्योगिक विवाद मानकर प्रकरण श्रम न्यायालय को सौपने के आदेश जारी किये हैं। जारी आदेशानुसार श्रमायुक्त ने सेवानियुक्त ललन पिता शिवमुनि एवं सेवानियोजक प्रबंधक कुमार ब्रादर्स सी एण्ड एफ एजेंट बुंगे इंडिया प्रा.लि. देवास नाका इंदौर, सेवानियुक्त भूषण पिता प्रभुदयाल वर्मा सेवानियोजक प्रबंधक मुलती केयर सर्विस तलवलकर जिम इंदौर, सेवानियुक्त मिश्रीलाल पिता फतेसिंह सेवानियोजक प्रबंधक कलामा टेक्नोलॉजी प्रा.लि. इंदौर, सेवानियुक्त कमल सिंह पिता रामलाल सिंह सेवानियोजक प्रबंधक कलामा टेक्नोलॉजी प्रा.लि. इंदौर, सेवानियुक्त लोकेन्द्र गुरूंग पिता गुरू गुरूंग सेवानियोजक प्रबंधक कलामा टेक्नोलॉजी प्रा.लि. इंदौर, सेवानियुक्त शकील पिता हनीफ सेवानियोजक प्रबंधक कलामा टेक्नोलॉजी प्रा.लि. इंदौर के मध्य उत्पन्न विवाद को औद्योगिक विवाद मानकर प्रकरण श्रम न्यायालय इंदौर को सौपने के आदेश जारी किये हैं।
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सिंह/गरिमा



सेंट्रल सेक्टर स्कॉलरशिप के लिये 30 सितम्बर तक
ऑनलाइन आवेदन आमंत्रित
इंदौर 13 VÉÖ±ÉÉ<Ç 2017
सेंट्रल सेक्टर स्कीम ऑफ स्कॉलरशिप के लिये रजिस्ट्रेशन एवं ऑनलाइन आवेदन एक जुलाई से शुरू हो गया है। आवेदन 30 सितम्बर तक आमंत्रित किये जाएँगे।मध्यप्रदेश माध्यमिक शिक्षा मण्डल की हायर सेकेण्डरी 12वीं की परीक्षा वर्ष 2017 में उत्तीर्ण टॉप-20 परसेंटाइल अंक प्राप्त करने वाले विद्यार्थी नवीन छात्रवृत्ति के लिये नेशनल स्कॉलरशिप पोर्टल पर आवेदन केवल ऑनलाइन ही भर सकेंगे। छात्रवृत्ति योजना में मध्यप्रदेश के 4299 छात्रों को चयनित किया जायेगा। छात्राओं के लिये 50प्रतिशत और छात्रों के लिये 50 प्रतिशत छात्रवृत्ति तय की गयी है। विज्ञान संकाय में 2150वाणिज्य संकाय में 1433 और कला संकाय में 716 विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति दी जायेगी। छात्रवृत्ति का 15प्रतिशत अनुसूचित-जाति7.5 प्रतिशत अनुसूचित-जनजाति27 प्रतिशत अन्य पिछड़ा वर्ग और 3प्रतिशत नि:शक्त विद्यार्थियों के लिये होगा। छात्रवृत्ति के लिये आधार नम्बर होना जरूरी है। छात्रवृत्ति संबंधी दिशा-निर्देश वेबसाइट http://www.aadharcarduidai.in/aadhar-card-apply-online-offline पर उपलब्ध हैं। विद्यार्थी नेशनल स्कॉलरशिप पोर्टल पर भी छात्रवृत्ति के लिये ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।
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 ËºÉ½þ/ गरिमा
पीडीएस में गड़बड़ी पाये जाने पर हो सख्त कार्यवाही 
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खाद्य पदार्थों में मिलावट करने व नकली घी, मावा 
बेचने वालों के विरूद्ध चलायें अभियान 
इंदौर, 13 जुलाई 2017
कलेक्टर श्री निशान्त वरवड़े ने खाद्य विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिये हैं कि वे सार्वजनिक वितरण प्रणाली में गड़बड़ी पाये जाने पर संबंधितों के विरूद्ध सख्त कार्यवाही करें। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक वितरण प्रणाली का लाभ आम आदमी को मिलना चाहिये। कहीं भी पीडीएस में खाद्यान्न/केरोसीन के खुर्द-बुर्द करने या गड़बड़ी की शिकायत पायी जाती है तो दोषी के विरूद्ध एफआईआर कराई जाये, साथ ही न्यायालय से सजा दिलवाने के लिये भी गंभीरता से पैरवी करवाई जाये। कलेक्टर श्री वरवड़े गुरूवार को खाद्य एवं आपूर्ति विभाग, खाद्य एवं औषधि प्रशासन तथा संबंधित विभागों के अधिकारियों की बैठक ले रहे थे। 
कलेक्टर श्री वरवड़े ने कहा कि वे स्वयं किसी भी क्षेत्र में जाकर आकस्मिक निरीक्षण करेंगे। निरीक्षण के दौरान यदि पीडीएस सेवाओं में गड़बड़ी पायी गई तो गम्भीता से लिया जायेगा। पीडीएस दुकानों में गड़बड़ी के कारण निलंबित की गई दुकानों को तीन माह से अधिक अटैच कर नहीं रखा जाये। आम आदमी की सुविधा को दृष्टिगत रखते हुए दुकान को पुन: चालू कराने के लिये वैकल्पिक प्रयास किये जाना चाहिये। उन्होंने कहा कि आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत निष्पक्ष रूप से व प्रभावी कार्यवाही होनी चाहिये। कलेक्टर श्री वरवड़े ने सभी सहायक आपूर्ति अधिकारियों को निर्देश दिये कि वे पीडीएस डाटा में पात्र हितग्राहियों के आधार नंबर की सीडिंग कार्य में लाएं। उन्होंने कहा कि पीडीएस डाटा में आधार नंबरों की सीडिंग कराने की प्राथमिक जिम्मेदारी संबंधित क्षेत्र के सहायक/कनिष्ठ आपूर्ति अधिकारी की तय की जायेगी। 
कलेक्टर श्री वरवड़े ने प्रधानमंत्री उज्जवला योजना के तहत गरीब महिलाओं को नि:शुल्क गैस कनेक्शन दिये जाने की प्रगति की भी समीक्षा की और निर्देश दिये कि पात्र सभी महिलाओं को गैस कनेक्शन की सुविधा उपलब्ध कराने के लिये प्रयास किये जायें। शहरी क्षेत्र में निम्न वर्ग की बस्तियों में सर्वे करायें और देखें कि वे खाना बनाने के लिये गैस का उपयोग कर रहे हैं या दूसरे साधनों से खाना बना रहे हैं। बैठक में खाद्य एवं औषधि प्रशासन द्वारा संस्थानों से खाद्य पदार्थों में मिलावट आदि के संबंध में लिये गये सैम्पल की कार्यवाही की समीक्षा की गई। कलेक्टर श्री वरवड़े ने कहा कि आगामी रक्षाबंधन व अन्य त्यौहारों को देखते हुए बासी मिठाइयाँ बेचने, खाद्य पदार्थों में मिलावट करने तथा नकली घी, मावा आदि बनाने वालों के विरूद्ध अभियान चलाया जाये और सैम्पल लिये जायें। उन्होंने कहा कि दोषी लोगों के विरूद्ध सख्त कार्यवाही हो तथा अधिकतम अर्थदण्ड आरोपित किया जाये। 
बैठक में पेट्रोल पम्प, गैस गोदामों आदि में सुरक्षा की दृष्टि से आवश्यक उपकरणों की उपलब्धता तथा नागरिक सुविधाओं के संबंध में भी समीक्षा की गई और निर्देश दिये गये कि ज्वलनशील पदार्थ होने से मानव सुरक्षा की दृष्टि से सभी आवश्यक दिशा-निर्देशों का पालन सुनिश्चित कराया जाये और इन क्षेत्रों में कोई भी ऐसी गतिविधि न हो जिसके कारण मानव जीवन को खतरा हो सकता है। सभी जगह अग्निशामक यंत्र उपलब्ध रहना चाहिये।  
भदौरिया/वटके 











किसानों को 15 अगस्त से मिलेगी खसरा-खतौनी की नि:शुल्क नकल
इंदौर 13 जुलाई 2017
            मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान की घोषणानुसार किसानों को खसरा-खतौनी की नकल नि:शुल्क दी जायेगी। इसकी शुरूआत 15 अगस्त से की जायेगी। आगामी 2 अक्टूबर तक सभी किसानों को खसरा-खतौनी की नकल उपलब्ध करवाने के निर्देश कलेक्टर्स को दिये गए हैं। राजस्व मंत्री श्री उमाशंकर गुप्ता ने जानकारी दी है कि इस कार्य के लिए सभी जिलों को बजट आवंटित कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि जिन जिलों में एन.आई.सी. का साफ्टवेयर लागू हैउनमें नकल तहसीलदार के हस्ताक्षर से जारी की जायेंगी। जिन जिलों में वेब बेस्ड जी.आई.एस. एप्लीकेशन लागू हैउनमें डिजिटल हस्ताक्षरित प्रतिलिपियाँ दी जायेंगी। कार्यवाही की माँनीटरिंग आयुक्त भू-अभिलेख एवं बंदोबस्त द्वारा की जायेगी। नकल प्राप्ति की पावती भी किसान से ली जायेगी। संबधित ग्राम के सरपंच के भी पंजी पर हस्ताक्षर लिये जायेंगे।