ग्रामीण क्षेत्रों के वाहन चालकों को भी लगाना होगा हेलमेट
गृह मंत्री श्री भूपेन्द्र सिंह की
अध्यक्षता में हुई राज्य सड़क सुरक्षा परिषद् की बैठक
इंदौर 22
मार्च 2018
गृह मंत्री श्री भूपेन्द्र सिंह ने कहा है कि सुरक्षा की दृष्टि से
बिना हेलमेट वाले दुपहिया वाहन चालकों के खिलाफ विशेष अभियान चलाकर चालानी
कार्यवाही की जाये। उन्होंने निर्देश दिये कि ग्रामीण क्षेत्रों में भी लगातार
अभियान चलाकर कार्यवाही की जाये,
जिससे लोगों में हेलमेट के प्रति
जागरूकता बढ़े। गृह मंत्री श्री सिंह आज मंत्रालय भोपाल में राज्य सड़क सुरक्षा
परिषद् की बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे।
लोक
स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री श्री रुस्तम सिंह ने बैठक में कहा कि हर वर्ष
सड़क पर यातायात आवागमन बढ़ रहा है। बार-बार एक ही जगह हो रही सड़क दुर्घटना के स्थल
को ब्लैक स्पॉट में शामिल किया जाये और जिन स्थानों पर सुधार कर दुर्घटना में कमी
लायी गयी हो, उसे ब्लैक स्पॉट की सूची से हटा दिया जाये। नगरीय विकास एवं आवास
मंत्री श्रीमती माया सिंह ने कहा कि जीवन की सुरक्षा के लिये बनाये गये नियमों का
सख्ती से पालन करवाया जाये।
बैठक में बताया गया कि वर्ष 2016 की तुलना में वर्ष 2017 में 21 जिलों
में सड़क दुर्घटना की संख्या,
मृत्यु की संख्या और घायलों की संख्या
में कमी आई है। इस वर्ष जनवरी-फरवरी माह में विगत वर्ष की समयावधि की तुलना में
दुर्घटना की संख्या में 3.49 प्रतिशत कमी आई है। इसी दौरान मृत्यु की संख्या 2.67 प्रतिशत
कम हुई है।
पिछले
साल प्रदेश में कुल 6 लाख 90 हजार 31 चालान कर 21 करोड़ 81 लाख 58 हजार 340 शमन शुल्क वसूल किया है। मध्यप्रदेश में 29वां
सड़क सुरक्षा सप्ताह 23 से 30 अप्रैल तक मनाया जायेगा। प्रदेश में ड्रायवर ट्रेनिंग रिसर्च
इंस्टीट्यूट की स्थापना के लिये राजगढ़ ब्यावरा में भूमि आदि का चयन कर कार्यवाही
की जा रही है।
प्रत्येक
जिले के संसद सदस्य (लोकसभा) की अध्यक्षता में जिला सड़क सुरक्षा समिति का गठन किया
गया है। जिला मुख्यालय से परिवहन विभाग के क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी/सहायक
क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी को सदस्य सचिव बनाया गया है। मध्यप्रदेश के विभिन्न
जिलों में 541 ब्रीथ एनालाईजर दिये गये हैं। गत वर्ष शराब पीकर वाहन चलाने वाले 13 हजार 134 वाहन
चालकों के विरुद्ध चालानी कार्यवाही कर 52 लाख 33 हजार 550 रुपये का जुर्माना किया गया। इसी दौरान
कुल 2610 चालकों की अनुज्ञप्ति निलंबित की गई। इसमें 943 दोपहिया
वाहन चालकों की शराब पीकर वाहन चलाने की वजह से अनुज्ञप्ति निलंबित की गई है। विगत
5 वर्षों में 65 हजार 186 व्यवसायिक वाहन चालकों को औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान इंदौर, आयशर
प्रशिक्षण संस्थान पीथमपुर और भारत पेट्रोलियम इंदौर संस्थाओं द्वारा प्रशिक्षण
दिया गया है। इंदौर, भोपाल एवं जबलपुर शहर में बस स्टेण्ड निर्धारित करने से शहर के अन्दर
यातायात का दबाव कम हुआ है।
बैठक
में बताया गया कि रोड सेफ्टी एवं ऑडिट के प्रशिक्षण कार्यक्रम में एम.पी.आर.आर.
डी.ए. के 8 इंजीनियर ने प्रशिक्षण प्राप्त किया और 10 इंजीनियर
प्रशिक्षण के लिये प्रस्तावित हैं। इसी प्रकार एम.पी.आर.डी.सी. के 6 अधिकारी
प्रशिक्षित हुए हैं और 12 इंजीनियर का नाम प्रस्तावित है। नगरीय प्रशासन विभाग के 50 इंजीनियर
प्रशिक्षण के लिये भेजे जायेंगे। प्रदेश के 51 जिलों में यातायात पुलिस द्वारा कुल 3096 स्कूल-कॉलेज
में कार्यक्रम, कार्यशाला, सेमीनार आयोजित कर कुल 5 लाख 29 हजार 588 विद्यार्थियों को यातायात संबंधी
जानकारी दी गई। सड़क सुरक्षा के लिये नगरपालिका/वार्ड स्तर पर 19 हजार 931 जागरूकता
कार्यक्रम संचालित किये गये हैं।
जानकारी
दी गई कि ब्लैक स्पॉट के भौतिक सत्यापन और परीक्षण के बाद उनकी वास्तविक संख्या अब
616 रह गई है। प्रदेश के 38 जिलों में ट्रॉमा सेन्टर कार्यशील हैं।
इस वर्ष 11 जिलों में ट्रॉमा सेन्टर निर्मित होने की संभावना है। शेष 2 जिले
इंदौर और मंदसौर में ट्रॉमा सेन्टर का नया भवन बनाया जाना है।
बैठक
में अपर मुख्य सचिव श्री के.के. सिंह, पुलिस महानिदेशक श्री ऋषि कुमार शुक्ला, परिवहन
आयुक्त श्री शैलेन्द्र श्रीवास्तव, अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक श्री विजय कटारिया
सहित संबंधित विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
गृह मंत्री श्री सिंह की अध्यक्षता में हुई राज्य
सैनिक बोर्ड की बैठक
गृह मंत्री श्री भूपेन्द्र सिंह कि अध्यक्षता में राज्य सैनिक बोर्ड
की 19वीं बैठक भी आयोजित की गई। मंत्रालय में हुई बैठक में सैनिक कल्याण
से संबंधित विभिन्न बिन्दुओं पर चर्चा की गई। बैठक में अपर मुख्य सचिव गृह श्री
के.के. सिंह उपस्थित थे।
क्रमांक 208/431/भदौरिया/जी