Thursday, 13 April 2017


मुख्यमंत्री श्री शिवराजसिंह चौहान आज इंदौर आयेंगे
इंदौर 13 अप्रैल, 2017
मुख्यमंत्री श्री शिवराजसिंह चौहान 14 अप्रैल को सुबह 9.50 बजे इंदौर विमानतल आयेंगे। वे यहाँ इस दिन आयोजित विभिन्न कार्यक्रमों में शामिल होंगे।
निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार मुख्यमंत्री श्री चौहान इंदौर विमानतल पर सुबह 9.50 बजे आयेंगे। इसके बाद वे पुलिस हाउसिंग कार्पोरेशन के कार्यक्रम में शामिल होंगे। कार्यक्रम के पश्चात पूर्वान्ह 10.40 बजे हेलीकॉप्टर द्वारा डॉ.अम्बेडकर नगर  (महू) के लिये रवाना होंगे। महू में विभिन्न कार्यक्रमों में शामिल होने के पश्चात वे दोपहर पौने 2 बजे डॉ.अम्बेडकर नगर (महू) से हेलीकॉप्टर द्वारा प्रस्थान कर दोपहर 2 बजे इंदौर विमानतल आयेंगे और यहाँ से वे दोपहर 2.10 बजे वायुयान द्वारा भोपाल के लिये रवाना होंगे।
 महिपाल/कपूर
""विन्टेज इन्दौर'' पर आधारित छायाचित्र प्रदर्शनी 18 को 
इंदौर 13 अप्रैल 2017 
पुरातत्व अभिलेखागार एवं संग्रहालय पश्चिमी क्षेत्र इन्दौर के उप संचालक ने बताया कि विश्व धरोहर दिवस के अवसर पर आयुक्त पुरातत्व अभिलेखागार एवं संग्रहालय भोपाल के निर्देशानुसार 18 अप्रैल को केन्द्रीय संग्रहालय इन्दौर में ""विन्टेज इन्दौर'' पर केन्द्रीत छायाचित्र प्रदर्शनी का आयोजन किया जा रहा है। 
इसके साथ ही 18 अप्रैल को केन्द्रीय संग्रहालय इन्दौर व लालबाग एवं राजवाड़ा के स्मारकों के सभी वर्गों के दर्शकों हेतु प्रवेश की नि:शुल्क व्यवस्था रहेगी। केन्द्रीय संग्रहालय इन्दौर में आयोजित इस छायाचित्र प्रदर्शनी में देश की पुरातात्विक व ऐतिहासिक धरोहर के अवलोकन करने के सुअवसर का लाभ उठाने का आग्रह किया गया है। 
भदौरिया

बाबा साहेब डॉ. आम्बेडकर जयंती
जन्म स्थली में होगा आज आस्था का महाकुंभ
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सभी तैयारियाँ पूरी
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मेजबान बनकर राज्य शासन कर रहा है 
श्रृद्धालुओं के लिये खाने, ठहरने आदि की व्यवस्था
इंदौर 13 अप्रैल,2017
बाबा साहब डॉ.अम्बेडकर की जयंती पर 14 अप्रैल को उनकी जन्मस्थली अम्बेडकर नगर (महू) में आम्बेडकर महाकुंभ लगेगा । आस्था के इस महाकुंभ में राज्य शासन मेजबान बनकर श्रृद्धालुओं के लिये भोजन, ठहरने, शौचालय आदि की पर्याप्त व्यवस्था कर रहा है। श्रृद्धालुओं के आगमन का सिलसिला शुरू हो गया है। हजारों श्रृद्धालु महू पहुँच चुके हैं।
डा. बाबा साहेब अम्बेडकर की जन्म स्थली अम्बेडकर नगर (महू) में राज्य शासन द्वारा बनाया गया  भव्य स्मारक श्रद्धालुओं की श्रद्धा का केन्द्र बन चुका है। करीब 9 करोड़ रुपये से अधिक की लागत से बने इस स्मारक पर बाबा साहेब के जन्मदिवस 14 अप्रैल के अवसर पर विशेष साज- सज्जा की जाती है। राज्य सरकार द्वारा शुरू किये गये इस महाकुंभ का यह 11वाँ वर्ष है। 
इस स्मारक का शिलान्यास वर्ष 1991 में हुआ था। मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने इस स्मारक का निर्माण तेजी से पूरा कराने के लिये वर्ष 2007 में एक साथ 6 करोड़ रुपये से अधिक राशि स्वीकृत की थी। इसके बाद यह भव्य स्मारक बनकर 14 अप्रैल 2008 को लोकार्पित हुआ।
राज्य शासन ने स्मारक के द्वितीय चरण का कार्य तीव्र गति से पूर्ण करने के लिये वर्ष 2005-06 तथा वर्ष 2006-07 में 6 करोड 21 लाख रुपये का आवंटन प्रदान किया। तत्पश्चात 18 दिसम्बर 2006 से द्वितीय चरण का कार्य प्रारंभ कर स्मारक को यह भव्य स्वरूप प्रदान किया गया। तीसरे चरण में स्मारक में बाबा साहब के जीवन पर आधारित भित्ती चित्र तथा मूर्तियाँ लगाने के लिये 2 करोड़ 38 लाख रूपये मंजूर किये।
महू में आस्था का महाकुंभ
भारतीय संविधान के निर्माता डॉ.बाबा साहब अम्बेडकर की जन्म स्थली अम्बेडकर नगर (महू) में हर वर्ष उनका जन्म उत्सव 14 अप्रैल को धूमधाम से मनाया जाता है। इस उत्सव में प्रदेश के साथ ही अन्य प्रदेशों से हजारों श्रद्धालु अम्बेडकर नगर (महू) आते हैं। राज्य शासन मेजबान बनकर श्रद्धालुओं के लिये हर वह व्यवस्था करता है जिससे उन्हें किसी तरह की परेशानी नहीं हो। राज्य शासन ने वर्ष 2007 से अम्बेडकर जन्मस्थली अम्बेडकर नगर (महू) में उनके जन्म दिवस पर अम्बेडकर महाकुंभ लगाने का सिलसिला शुरू किया है। महाकुंभ हर वर्ष श्रद्धालुओं के लिये अविस्मरणीय बनता जा रहा है। उल्लेखनीय है कि प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री शिवराजसिंह चौहान की विशेष पहल पर इस प्रतिष्ठापूर्ण आयोजन का सिलसिला प्रारंभ किया गया है। मुख्यमंत्री इस आयोजन की सतत समीक्षा कर स्वयं इस आयोजन में शामिल होते हैं। 
प्रतिवर्ष 14 अप्रैल को बाबा साहब के जन्म दिन पर अम्बेडकर नगर (महू) में उल्लास और उमंग का अद्भूत वातावरण होता है।  यह महाकुंभ सामाजिक समरसता का भी बेहतर उदाहरण बन गया है। मध्यप्रदेश, महाराष्ट्र सहित अन्य प्रांतों से लाखों श्रद्धालु इस आयोजन में अपनी श्रद्धा प्रकट करने जुटते हैं। महाकुंभ में प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी, पूर्व उप प्रधानमंत्री श्री लालकृष्ण आडवाणी, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रमुख रहे श्री के.सी. सुदर्शन, बौद्धधर्म गुरू श्री करमापा सहित राष्ट्र की अन्य ख्यातनाम हस्तियां भी शिरकत कर चुकी हैं। 
श्रद्धालुओं के लिये ठहरने, खाने सहित अन्य जरूरी व्यवस्थाओं का माकूल प्रबंध रहता है। इस कार्य में राज्य सरकार के अलावा स्वयं सेवी, सामाजिक तथा अन्य संगठन भी अपना पूरा सहयोग देते हैं। बाबा साहब के जन्म दिवस के महाकुंभ की शुरूआत सुबह उनकी जन्मस्थली पर बने भव्य स्मारक से होती है। यहां उनकी आदमकद प्रतिमा के समक्ष पुष्पहार और आत्मीयता के साथ श्रद्धा सुमन अर्पित किये जाते हैं। सुबह 8 बजे पवित्र अस्थि कलश यात्रा निकाली जाती है।  यह यात्रा शहर के प्रमुख मार्गों से होती हुयी स्मारक पर पहुंचती है, स्वर्ग मंदिर परिसर में बने भव्य पाण्डाल पर बाबा साहब के जीवन तथा उनके दर्शन पर आधारित विषय पर संगोष्ठी का आयोजन किया जाता है। इसमें अनेक प्रसिद्ध हस्तियां अपने विचार रखती है। 
स्थापत्य कला की बेजोड़ कृति
डॉ. बाबा साहब अम्बेडकर की जन्मस्थली पर बना यह  भव्य स्मारक स्थापत्य कला की बेजोड़ कृति है। मकराना के सफेद संगमरमर एवं मेंगलुरू के ग्रेनाइट से निर्मित इस स्मारक को समीप से देखने पर बौद्ध धर्म के सांची जैसे प्राचीन स्मारकों की छवि दिखाई देती है। स्मारक की गोलाई से संसद का आभास होता है।  
स्मारक का निर्माण बाबा साहेब अम्बेडकर स्मारक निर्माण समिति की देखरेख में किया गया है।  प्रदेश सरकार द्वारा नियुक्त आर्कीटेक्ट श्री ई.डी.निमगढ़े की ड्रॉर्इंग के अनुरूप स्मारक का मुख्य भवन विशिष्ट गोलाकार गुम्बज तथा सीढ़ियों आदि का निर्माण किया गया है। फर्श पर 15 मि.मी. मोटाई  वाला मकराना का सफेद संगमरमर, 15 मि.मी. मोटाई वाले मेंगलुरू के माईन्स ग्रेनाईट से साज-सज्जा कर स्मारक को भव्यता प्रदान की गयी है। पच्चीस मि.मी. मोटाई के सफेद संगमरमर से गोलाकार आकार की सीढियां बनाई गयी है। डोम की बाह्र सतह को 20 मि.मी. मोटाई के संगमरमर से सुसज्जित किया गया है। सीढ़ियों पर पीतल के हाथी तथा पाइप लगाकर रैलिंग की साज-सज्जा की गयी है। स्मारक की भव्यता के लिये प्रथम तल पर चारों ओर  संगमरमर की जालियां लगायी गयी है। स्मारक के सामने 14 फीट ऊंची भव्य एवं आकर्षक मूर्ति लगायी गयी है। मूर्ति का निर्माण ग्वालियर के प्रसिद्ध मूर्तिकार श्री प्रभात राय द्वारा किया गया है। स्मारक के चारों ओर संगमरमर की फ्लोरिंग की गयी है।  
कन्ट्रोल रूम स्थापित
महाकुंभ संबंधी विभिन्न व्यवस्थाओं और श्रृद्धालुओं के सहयोग के लिये महू में कन्ट्रोल रूम स्थापित किये गये हैं। ये कन्ट्रोल रूम सभास्थल स्वर्ग मंदिर परिसर, जन्मस्थली स्मारक के सामने तथा तहसील कार्यालय में बनाये गये हैं। इन तीनों कन्ट्रोल रूम में अधिकारी-कर्मचारियों की ऐसी व्यवस्था की गयी है कि वह 14 अप्रैल की शाम तक निरंतर 24 घण्टे कार्यरत रहें।
महाकुंभ में आने वाले श्रृद्धालुओं की सुविधा के लिये प्रतिवर्ष की तरह इस वर्ष भी सभा स्थल और भोजनशाला में मराठी भाषा में उद्घोषणा की भी विशेष व्यवस्था की गयी है।
भोजन का माकूल इंतजाम
महाकुंभ में आने वाले श्रृद्धालुओं के लिये भोजन की विशेष व्यवस्था की गयी है।  इसके तहत श्रृद्धालुओं को स्वादिष्ट भोजन परोसा जा रहा है । आज 13 अप्रैल को सुबह 10 बजे से रात 9 बजे तक भोजन परोसने का सिलसिला अनवरत जारी था । इस दौरान हजारों श्रृद्धालुओं ने भोजन किया। श्रृद्धालुओं को पूड़ी-सब्जी, नुक्ती, नमकीन, खिचड़ी आदि परोसा गया। अम्बेडकर जयंती के दिन 14 अप्रैल को भोजन का सिलसिला सुबह 8 बजे से शुरू कर दिया जायेगा। इस दिन पूड़ी, सब्जी, नुक्ती, नमकीन तथा खिचड़ी परोसी जायेगी। भोजन परोसने के लिये 30 स्टाल बनाये गये हैं। भोजन बनाने तथा वितरण के काम में करीब 500 लोग दिन-रात जुटे हैं। भोजन की व्यवस्था खाद्य विभाग के अधिकारी सम्हाले हुये हैं । 
श्रृद्धालुओं के ठहरने के लिये स्कूल, धर्मशाला तथा पण्डालों में व्यवस्था की गयी है। शौच एवं स्नान के लिये भी इंतजाम किये गये हैं । पीने के पानी के लिये जगह-जगह स्टाल भी लगाये गये हैं । 
महिपाल/कपूर
प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के चयनित मार्गों पर 
आठ टन से अधिक क्षमता के वाहनों का परिवहन प्रतिबंधित
इंदौर 13 अप्रैल, 2017
इंदौर जिले में प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के अंतर्गत निर्मित चयनित मार्गों पर 8 टन से अधिक भार क्षमता के वाहनों के परिवहन को प्रतिबंधित किया गया है। इस संबंध में जिला दण्डाधिकारी एवं कलेक्टर श्री पी.नरहरि ने दण्ड प्रक्रिया संहिता 1973 की धारा-133 के अंतर्गत प्रतिबंधात्मक आदेश जारी कर दिये हैं। 
जारी प्रतिबंधात्मक आदेशानुसार जनसामान्य की हित एवं लोक शांति बनाये रखने के लिये जिन मार्गों पर 8 टन से अधिक भार क्षमता के वाहनों का परिवहन प्रतिबंधित किया गया है, उनमें सांवेर विकासखंड के पलासिया से डकाच्या मार्ग, ए.बी.रोड से डकाच्या मार्ग, पलासिया से मण्डलावदा रोड शामिल हैं। इस आदेश का उल्लंघन करने वालों के विरूद्ध भारतीय दण्ड विधान की धारा 188 के अंतर्गत कार्यवाही की जायेगी।
उल्लेखनीय है कि मध्यप्रदेश ग्रामीण सड़क विकास प्राधिकरण परियोजना क्रियान्वयन इकाई इंदौर के महाप्रबंधक ने बताया था कि उक्त मार्ग प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के अंतर्गत निर्मित कराये गये हैं। इन सड़कों का निर्माण 8-10 टन भार क्षमता के वाहनों के परिवहन के हिसाब से किया गया है। इन मार्गों पर इससे अधिक भार क्षमता के वाहन/डम्पर चलने से मार्गों को क्षति पहुंच रही है, जिससे कि अशांति उत्पन्न होने की आशंका है। इसके मद्देनजर जिला दण्डाधिकारी श्री पी.नरहरि ने जनसामान्य के हित एवं लोक शांति बनाये रखने के लिये उक्त प्रतिबंधात्मक आदेश जारी किये हैं।
भदौरिया/कपूर

Wednesday, 12 April 2017

कलेक्टर व डीआईजी महू पहुंचे
अधिकारियों की बैठक लेकर प्रशासनिक व्यवस्थाओं के संबंध में दिये निर्देश
इंदौर12 अप्रैल 2017
        कलेक्टर श्री पी. नरहरि व डीआईजी श्री हरिनारायण चारी मिश्र बुधवार को महू पहुंचे। यहाँ उन्होंने बाबा साहब भीमराव अम्बेडकर के जयंती उत्सव कार्यक्रम से संबंधित तैयारियों का जायजा लिया तथा अधिकारियों की बैठक लेकर प्रशासनिक व्यवस्थाओं के संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश दिये। इस अवसर पर एसडीएम संदीप जी आरआईपीएस पंकज कुमरावततहसीलदार तपिश पांडेएसडीओपी मिश्रा सहित अनेक पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी व विभिन्न विभागों के अधिकारीगण मौजूद थे।
अम्बेडकर नगर में कार्यक्रम के दौरान स्वछता सैनिक सफाई व्यवस्था पर निगाह रखेंगे
       कलेक्टर श्री पी. नरहरि ने अम्बेकडकर नगर में जन्मोत्सव की व्यवस्थाओ की समीक्षा की। उन्होंने सभी अधिकारियों को निर्देश दिए कि खुले में शौच से मुक्त जिला होने के कारण कर्यक्रम में आने वाले श्रद्धालुओं को यह बताया जाए कि कोई भी खुले में शौच न जाये और पर्याप्त शौचालय की व्यवस्था पूरे कार्यक्रम स्थल और श्रद्धालुओं के रुकने की जगहों पर की जाएस्वच्छयता पर निगाह रखने के लिए ग्रीन टोपी पहने स्वच्छधता सैनिक भी तैनात रहेंगेजो बाहर से आने वालों की मदद भी करेंगे और साफ सफाई पर निगाह भी रखेंगे।  बाहर से आने वाले श्रद्धालुओ के लिए रुकने के व्यापक इन्तजाम किये है। साथ ही  पीने के लिये स्वच्छ पानी और भोजन संबंधी राज्य शासन से प्राप्त निर्देश अनुसार व्यवस्था भी की गई है जो आज से ही प्रारंभ हो गई है।
       कलेक्टर श्री पी. नरहरि ने एस डी एम और सी एस पी को निर्देशित किया कि विभिन्न संगठनों व राजनीतिक दलों द्वारा निकलने वाली रैली को समय अनुसार अलग अलग समय पर अनुमति दी जाए। उनके मार्ग भी निश्चित किये जायें।  गर्मी से बचाव के लिए टेंट लगाए जाएं। कार्यक्रम स्थल पर सभी व्यवस्था होने पर एमपीईबीफायरलोक निर्माण विभाग आदि विभाग अपने सर्टिफ़िकेट देंगे। श्रद्धालुओं के लिये खाने की सभी व्यवस्था सुचारू हों इसके लिए खाद्य विभाग के अधिकारी यहीं पर रहेंगे। पार्किंग के लिए पुलिस व अन्य समस्त व्यवस्था के साथ पार्किंग स्थल पर साइन बोर्ड भी लगेंगे।
गबली पलासिया में पीएम आवास के नवनिर्मित भवन का लोकार्पण का कार्यक्रम भी
       बाबा साहब डॉ. भीमराव अम्बेडकर के जयंती कार्यक्रम के अलावा 14 अप्रैल,2017 को जनपद पंचायत अम्बेडकर नगर महू के ग्राम गबली पलासिया में प्रधानमंत्री आवास योजना अन्तर्गत नवनिर्मित भवन के लोकार्पण का भी कार्यक्रम रखा गया है। लोकार्पण मुख्यमंत्री श्री शिवराजसिंह चौहान के हाथों किया जाना है। इस संबंध में बुधवार को ही महू में भ्रमण उपरान्त कलेक्टर श्री पी. नरहरि व डीआईजी श्री हरिनारायण चारी मिश्र प्रशासनिक व पुलिस अमले के साथ गबली पलासिया पहुंचे। यहां उन्होंने प्रधानमंत्री आवास योजनान्तर्गत लाभान्वित हितग्राही श्री उदयराम पिता सीताराम के नवनिर्मित भवन का अवलोकन किया। उन्होंने अधिकारियों को भवन की रंगाई-पुताई व अन्य कार्यों के साथ साफ-सफाई कराने के संबंध में निर्देश दिये।
बाबा साहेब के जन्मदिन पर आने वाले श्रद्धालुओं के लिए भोजन प्रसादी बनना शुरू
       बाबा साहेब भीमराव अम्बेडकर के जन्मदिवस पर उनकी जन्मस्थली अम्बेडकर नगर में आने वाले श्रद्धालुओं के लिए भोजन बनाने की व्यवस्था शुरू हो गई है। आज सुबह से ही खाद्य विभाग के निर्देशन में खाना बनाना शुरू हो गया है । आज से ही श्रद्धालुओं को भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है । आज से महु में  श्रद्धालु पहुंचने लगे हैं। इनके लिए पूड़ीसब्जीबूंदीसेवपापड़ आदि की बुफे के माध्यम से व्यवस्था की गई है। खाद्य अधिकारी श्री मीना ने बताया कि यह व्यवस्था 14 अप्रैल रात्रि तक ऐसे ही निरन्तर चलती रहेगी। 14 अप्रैल को एक लाख से अधिक श्रद्धालुओं के लिए खाने की व्यवस्था की गई हैजो सुबह 9 से देर रात तक उपलब्ध रहेगी।  13 अप्रैल को आने वाले श्रद्धालुओं के लिए भी सुबह और शाम खाने की व्यवस्था रहेगी। साथ ही पीने के पानी के लिए व्यापक इंतजाम किए गए है।













आन्ध्रप्रदेश के सांसद ने कलश में ली मिट्टी,
अमरावती में प्रतिमा निर्माण स्थल पर करेंगे अर्पित
इंदौर 12 अप्रैल2017
      आज महू में आम्बेडकर जयंति पर आंध्रप्रदेश के सांसद श्री सुब्रमण्यम घरुकार्पोरेशन के प्रभाकर और विधायक पालपरते डेविड आम्बेडकर जन्मस्थली पर आये। उन्होंने जन्मस्थली की मिट्टी कलश में लीजिसे वे तेलरपट्टीअमरावती (आंध्रा) में बनने वाली विशाल 125 फ़ीट की आम्बेडकर प्रतिमा के निर्माण स्थल पर अर्पित करेंगे।  इस मौके पर कलेक्टर श्री पी. नरहरि ने उनका स्वागत कर उनसे तमिल भाषा में ही बात कर जानकारी ली और जयंती उत्सव के बारे में बताया।  
क्रमांक राठौर/कपूर
संभाग में एक भी बच्चा यदि टीकाकरण से वंचित रहा तो 
संबंधित के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्यवाही की जायेगी-- कमिश्नर श्री दुबे
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सौ दिन में संभाग में सभी कुपोषित बच्चों को सामान्य श्रेणी में लाने के सख्त निर्देश
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काम न करने वाले आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को सेवा से पृथक करना जरूरी
इंदौर 12 अप्रैल, 2017
कमिश्नर श्री संजय दुबे की अध्यक्षता में आज कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में महिला एवं बाल विकास विभाग की कुपोषण मिटाने के संबंध में संभाग स्तरीय बैठक सम्पन्न हुई। बैठक की अध्यक्षता करते हुये कमिश्नर श्री संजय दुबे ने कहा कि संभाग में निरीक्षण के दौरान यदि एक भी बच्चा टीकाकरण से वंचित पाया गया तो संबंधित महिला एवं बाल विकास अधिकारी,कर्मचारी और जिला टीकाकरण अधिकारी के खिलाफ कठोर अनुशासनात्मक कार्यवाही की जायेगी। 
उन्होंने कहा कि इंदौर संभाग में लगभग तीन हजार बच्चे कुपोषण से पीड़ित हैं। अगले 100 दिन में इनका इलाज और समय पर भोजन मुहैया कराकर सामान्य श्रेणी में लाया जाये, अन्यथा संबंधित के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्यवाही की जायेगी। उन्होंने कहा कि भ्रमण के दौरान प्राय: यह देखा गया है कि जहां पर आंगनवाड़ी कार्यकर्ता गंभीरता से अपने दायित्व का निर्वहन कर रही हैं, वहां पर बच्चों में कुपोषण बहुत ही कम है और जहां पर आंगनवाडी कार्यकर्ता अपना दायित्व ठीक से निर्वहन नहीं कर रहीं हैं, वहां पर कुपोषण का प्रतिशत अधिक है। उन्होंने संयुक्त संचालक महिला एवं बाल विकास विभाग श्री राजेश मेहरा को निर्देशित किया कि काम न करने वाले आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को सेवा से पृथक करें। 
श्री दुबे ने कहा कि स्वास्थ्य और महिला बाल विकास विभाग के अधिकारी शत-प्रतिशत टीकाकरण, स्तनपान का प्रचार, शत-प्रतिशत संस्थागत प्रसव, आंगनवाड़ी आने वाले बच्चों का प्रतिदिन वजन लेना, बच्चों को सुबह का नाश्ता, दोपहर का भोजन और थर्ड मील देना सुनिश्चित करें। कुपोषित बच्चों को पोषण पुनर्वास केन्द्र में तुरंत भर्ती कराया जाये और उसका फॉलोअप किया जाये। यदि बच्चों को दिन में तीन बार या चार बार भोजन मिलेगा तो निश्चित रूप से कुपोषण के शिकार नहीं होंगे। बच्चों के अलावा गर्भवर्ती माताएं भी कुपोषण की शिकार नहीं होना चाहिये। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिये कि आंगनवाड़ी केन्द्र समय पर खुलना चाहिये तथा सभी बच्चों की उपस्थिति सुनिश्चित की जाये। प्राय: देखने में आया है कि आंगनवाड़ी केन्द्रों पर बच्चों की उपस्थित बहुत कम रहती है। उन्होंने कहा कि महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारी एवं जिला टीकाकरण अधिकारी अपने दायित्व का गंभीरता से निर्वहन करें। उन्होंने कहा कि सुपरवाइजर और परियोजना अधिकारीगण मुख्यालय पर रहें। मुख्यालय पर न रहने वाले परियोजना अधिकारी से वाहन वापस लिया जाये। 
उन्होंने संभाग के सभी जिला महिला बाल विकास अधिकारी और परियोजना अधिकारी, आईसीडीएस को महीने में 20 दिन क्षेत्र का दौरा करने के निर्देश दिये। उन्होंने आंगनवाड़ी केन्द्रों पर खून की कमी को पूरा करने के लिये आयरन फोलिक एसिड दवायें गर्भवती माताओं और किशोरी बालिकाओं को वितरित करने के निर्देश दिये। उन्होंने जिला टीकाकरण अधिकारियों को निर्देश दिये कि गर्भवती माताओं और बच्चों को सभी टीके समय पर लगना जरूरी है। सभी बच्चों के टीकाकरण की जिम्मेदारी जिला टीकाकरण अधिकारी की होगी। 
बैठक में बताया गया कि कहीं-कहीं आंगनवाड़ी केन्द्र अधिक दूरी पर हैं, जिसके कारण आंगनवाड़ी केन्द्रों में उपस्थिति कम रहती है तथा गांवों में जगह-जगह प्रायवेट स्कूल खुल जाने के कारण भी तीन से छह वर्ष के बच्चे प्रायवेट स्कूलों में जाने लगे, इसके कारण वे आंगनवाड़ी केन्द्र नहीं आते हैं। महिला एवं बाल विकास विभाग के सीडीपीओ ने सलाह दी की कुपोषण मिटाने के लिये सामुदायिक जागरूकता और सहयोग जरूरी है। उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में मजदूरों के दो से अधिक बच्चे हैं। महिला नियमित रूप से स्तनपान नहीं कराती हैं। पुत्र पाने की इच्छा में लड़कियों की संख्या बढ़ती जाती है। आदिवासी बहुल क्षेत्रों में स्वास्थ्य सुविधाओं का अभाव है। शिशु रोग विशेषज्ञों की कमी है। ग्रामीण महिलायें साफ-सफाई पर ध्यान नहीं देतीं। आदिवासियों में भोजन और जीवनशैली में बदलाव और सुधार की जरूरत है। आदिवासी बच्चों को पोष्टिक और संतुलित आहार नहीं मिल पाता।
इस अवसर पर स्वास्थ्य विभाग के क्षेत्रीय संचालक डॉ.एस.पालीवाल, संयुक्त संचालक महिला एवं बाल विकास श्री राजेश मेहरा, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ.हरिनारायण नायक, जिला महिला एवं बाल विकास अधिकारी डॉ.चंपालाल पासी, इंदौर संभाग के सभी टीकाकरण अधिकारी, सभी जिला महिला बाल विकास अधिकारी और समस्त सीडीपीओ आदि मौजूद थे।

संभाग में एक भी बच्चा यदि टीकाकरण से वंचित रहा तो 
संबंधित के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्यवाही की जायेगी-- कमिश्नर श्री दुबे
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सौ दिन में संभाग में सभी कुपोषित बच्चों को सामान्य श्रेणी में लाने के सख्त निर्देश
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काम न करने वाले आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को सेवा से पृथक करना जरूरी
इंदौर 12 अप्रैल, 2017
कमिश्नर श्री संजय दुबे की अध्यक्षता में आज कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में महिला एवं बाल विकास विभाग की कुपोषण मिटाने के संबंध में संभाग स्तरीय बैठक सम्पन्न हुई। बैठक की अध्यक्षता करते हुये कमिश्नर श्री संजय दुबे ने कहा कि संभाग में निरीक्षण के दौरान यदि एक भी बच्चा टीकाकरण से वंचित पाया गया तो संबंधित महिला एवं बाल विकास अधिकारी,कर्मचारी और जिला टीकाकरण अधिकारी के खिलाफ कठोर अनुशासनात्मक कार्यवाही की जायेगी। 
उन्होंने कहा कि इंदौर संभाग में लगभग तीन हजार बच्चे कुपोषण से पीड़ित हैं। अगले 100 दिन में इनका इलाज और समय पर भोजन मुहैया कराकर सामान्य श्रेणी में लाया जाये, अन्यथा संबंधित के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्यवाही की जायेगी। उन्होंने कहा कि भ्रमण के दौरान प्राय: यह देखा गया है कि जहां पर आंगनवाड़ी कार्यकर्ता गंभीरता से अपने दायित्व का निर्वहन कर रही हैं, वहां पर बच्चों में कुपोषण बहुत ही कम है और जहां पर आंगनवाडी कार्यकर्ता अपना दायित्व ठीक से निर्वहन नहीं कर रहीं हैं, वहां पर कुपोषण का प्रतिशत अधिक है। उन्होंने संयुक्त संचालक महिला एवं बाल विकास विभाग श्री राजेश मेहरा को निर्देशित किया कि काम न करने वाले आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को सेवा से पृथक करें। 
श्री दुबे ने कहा कि स्वास्थ्य और महिला बाल विकास विभाग के अधिकारी शत-प्रतिशत टीकाकरण, स्तनपान का प्रचार, शत-प्रतिशत संस्थागत प्रसव, आंगनवाड़ी आने वाले बच्चों का प्रतिदिन वजन लेना, बच्चों को सुबह का नाश्ता, दोपहर का भोजन और थर्ड मील देना सुनिश्चित करें। कुपोषित बच्चों को पोषण पुनर्वास केन्द्र में तुरंत भर्ती कराया जाये और उसका फॉलोअप किया जाये। यदि बच्चों को दिन में तीन बार या चार बार भोजन मिलेगा तो निश्चित रूप से कुपोषण के शिकार नहीं होंगे। बच्चों के अलावा गर्भवर्ती माताएं भी कुपोषण की शिकार नहीं होना चाहिये। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिये कि आंगनवाड़ी केन्द्र समय पर खुलना चाहिये तथा सभी बच्चों की उपस्थिति सुनिश्चित की जाये। प्राय: देखने में आया है कि आंगनवाड़ी केन्द्रों पर बच्चों की उपस्थित बहुत कम रहती है। उन्होंने कहा कि महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारी एवं जिला टीकाकरण अधिकारी अपने दायित्व का गंभीरता से निर्वहन करें। उन्होंने कहा कि सुपरवाइजर और परियोजना अधिकारीगण मुख्यालय पर रहें। मुख्यालय पर न रहने वाले परियोजना अधिकारी से वाहन वापस लिया जाये। 
उन्होंने संभाग के सभी जिला महिला बाल विकास अधिकारी और परियोजना अधिकारी, आईसीडीएस को महीने में 20 दिन क्षेत्र का दौरा करने के निर्देश दिये। उन्होंने आंगनवाड़ी केन्द्रों पर खून की कमी को पूरा करने के लिये आयरन फोलिक एसिड दवायें गर्भवती माताओं और किशोरी बालिकाओं को वितरित करने के निर्देश दिये। उन्होंने जिला टीकाकरण अधिकारियों को निर्देश दिये कि गर्भवती माताओं और बच्चों को सभी टीके समय पर लगना जरूरी है। सभी बच्चों के टीकाकरण की जिम्मेदारी जिला टीकाकरण अधिकारी की होगी। 
बैठक में बताया गया कि कहीं-कहीं आंगनवाड़ी केन्द्र अधिक दूरी पर हैं, जिसके कारण आंगनवाड़ी केन्द्रों में उपस्थिति कम रहती है तथा गांवों में जगह-जगह प्रायवेट स्कूल खुल जाने के कारण भी तीन से छह वर्ष के बच्चे प्रायवेट स्कूलों में जाने लगे, इसके कारण वे आंगनवाड़ी केन्द्र नहीं आते हैं। महिला एवं बाल विकास विभाग के सीडीपीओ ने सलाह दी की कुपोषण मिटाने के लिये सामुदायिक जागरूकता और सहयोग जरूरी है। उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में मजदूरों के दो से अधिक बच्चे हैं। महिला नियमित रूप से स्तनपान नहीं कराती हैं। पुत्र पाने की इच्छा में लड़कियों की संख्या बढ़ती जाती है। आदिवासी बहुल क्षेत्रों में स्वास्थ्य सुविधाओं का अभाव है। शिशु रोग विशेषज्ञों की कमी है। ग्रामीण महिलायें साफ-सफाई पर ध्यान नहीं देतीं। आदिवासियों में भोजन और जीवनशैली में बदलाव और सुधार की जरूरत है। आदिवासी बच्चों को पोष्टिक और संतुलित आहार नहीं मिल पाता।
इस अवसर पर स्वास्थ्य विभाग के क्षेत्रीय संचालक डॉ.एस.पालीवाल, संयुक्त संचालक महिला एवं बाल विकास श्री राजेश मेहरा, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ.हरिनारायण नायक, जिला महिला एवं बाल विकास अधिकारी डॉ.चंपालाल पासी, इंदौर संभाग के सभी टीकाकरण अधिकारी, सभी जिला महिला बाल विकास अधिकारी और समस्त सीडीपीओ आदि मौजूद थे।
श्व्
क्रमांक सिंह/कपूर




नर्मदा घाटी विकास राज्य मंत्री श्री आर्य का दौरा कार्यक्रम
इंदौर 12 अप्रैल, 2017
राज्य मंत्री नर्मदा घाटी विकास (स्वतंत्र प्रभार), सामान्य प्रशासन एवं विमानन श्री लालसिंह आर्य 13 अप्रैल को शाम 5 बजे भोपाल से इंदौर आयेंगे तथा महू में शाम को 6 बजे अम्बेडकर जयंती की तैयारियों का जायजा लेंगे। रात्रि साढ़े 7 बजे डॉ.अम्बेडकर की जन्मस्थली पर लाइटिंग द कैंण्डल कार्यक्रम में सम्मिलित होंगे। रात्रि साढ़े 8 बजे श्री आर्य समरसता अवार्ड और भीम रत्न अवार्ड वितरण कार्यक्रम में सम्मिलित होंगे। 14 अप्रैल, 2017 को दोपहर साढ़े 11 बजे श्री आर्य सामाजिक समरसता और सामाजिक न्याय सम्मेलन में भाग लेंगे। यह कार्यक्रम बाबा साहब डॉ. अम्बेडकर विश्वविद्यालय के सभागार में होगा। श्री आर्य अम्बेडकर जयंती समारोह के विभिन्न कार्यक्रमों में भी भाग लेंगे तथा शाम 5 बजे मध्यप्रदेश विद्युत कर्मचारी संघ के कार्यक्रम में सम्मिलित होंगे। शाम 8 बजे श्री आर्य इंदौर से ग्वालियर के लिये ट्रेन से रवाना होंगे। 
क्रमांक सिंह/कपूर

Monday, 3 April 2017

परीक्षा पूर्व प्रशिक्षण हेतु आवेदन आमंत्रित
इंदौर 3 अप्रैल,2017
प्राचार्य परीक्षा पूर्व प्रशिक्षण केन्द्र इंदौर श्रीमती अलका भार्गव ने बताया कि केन्द्र द्वारा मध्यप्रदेश लोक सेवा अयोग की मुख्य परीक्षा 2017 हेतु परीक्षा पूर्व प्रशिक्षण आयोजित किया जा रहा है। प्रशिक्षण हेतु मध्यप्रदेश लोक सेवा आयोग प्रारंभिक परीक्षा 2017 में उत्तीर्ण अनुसूचित जनजाति के विद्यार्थियों से आवेदन आमंत्रित किये गये है। उन्होंने बताया कि प्रशिक्षण नि:शुल्क प्रदान किया जायेगा। 
पात्र विद्यार्थियों से आग्रह किया गया है कि वे खण्डवा रोड़ पर शासकीय नवीन विधि महाविद्यालय भवन के सामने स्थित शासकीय परीक्षा पूर्व प्रशिक्षण केन्द्र पी.ई.टी.सी. इंदौर में अपने आवेदन तत्काल प्रस्तुत करें। इच्छुक आवेदक आवश्यक जानकारी के लिये कार्यालय दूरभाष क्रमांक 0731-2400247 पर भी संपर्क कर सकते है।
भदौरिया/अभिषेक
डिप्टी कलेक्टर श्री बिहारी सिंह एसडीएम सेन्ट्रल कोतवाली पदस्थ
इंदौर 3 अप्रैल,2017
कलेक्टर श्री पी.नरहरि ने नव पदस्थ डिप्टी कलेक्टर श्री बिहारी सिंह को सेन्ट्रल कोतवाली क्षेत्र इंदौर के लिये अनुविभागीय अधिकारी एवं दण्डाधिकारी पदस्थ किये जाने का आदेश जारी  किया है। विदित है कि हाल ही में राज्य शासन द्वारा डिप्टी कलेक्टर श्री बिहारी सिंह की पदस्थापना इंदौर जिले में की गई है।
भदौरिया/अभिषेक

 




लोक सेवा गारंटी अधिनियम के समय-सीमा बाह्र प्रकरण में अर्थदण्ड की कार्यवाही 
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ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्र में पेयजल व अन्य कार्यों के लिये जल की सुचारु व्यवस्था हो 
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कलेक्टर ने सभी एसडीएम को दिये सख्त निर्देश
इंदौर 3 अप्रैल, 2017
कलेक्टर श्री पी.नरहरि ने टी.एल.बैठक में समीक्षा के दौरान निर्देश दिये कि ग्रामीण व शहरी क्षेत्र में पेयजल व अन्य कार्यों के लिये जल की आपूर्ति सुनिश्चित की जाये। कहीं भी पानी की कमी नहीं होना चाहिये। सभी एसडीएम यह सुनिश्चित करें कि ग्रामीण क्षेत्रों में हैण्डपंप व अन्य पानी के स्त्रोत सुचारू रूप से कार्य करते रहे। हैंडपंप खराबी की शिकायत आने पर 24 घण्टे में हैंडपंप को सुधारा जाये। एसडीएम प्रत्येक सप्ताह जनपद सीईओ और पीएचई के अधिकारियों के साथ उसकी समीक्षा करते रहें। साथ ही यह भी सुनिश्चित किया जाये कि कहीं भी दूषित पानी पेयजल के रूप में उपयोग न हो। कलेक्टर ने ग्रामीण क्षेत्र के अधिकारियों को निर्देश दिये हैं कि भारत स्वच्छता अभियान के अंतर्गत इंदौर जिला ओडीएफ घोषित हो चुका है। सभी अधिकारी यह सुनिश्चित करें कि टॉयलेट आदि जरूरी कार्यों के लिये पानी की पर्याप्त उपलब्धता हो। पानी की कमी के कारण कोई भी व्यक्ति खुले में शौच न जाय, इसके लिये भी निरीक्षण दलों को तैनात किया जाये और अधिकारी भी सुबह-सुबह इसका निरीक्षण करते रहें।
बैठक में पीएचई के अधिकारी ने बताया कि नल-जल योजना के अंतर्गत मोटर, केबल व अन्य समस्याओं के निराकरण के लिये पर्याप्त राशि उपलब्ध है। ग्राम पंचायत द्वारा मांग किये जाने पर इस संबंध में तुरंत ही राशि उपलब्ध करा दी जायेगी। कलेक्टर ने शहरी क्षेत्र में भी पेयजल के दुरुपयोग को रोकने के लिये कड़ी कार्यवाही करने के निर्देश दिये। साथ ही सभी एसडीएम को निर्देश दिये कि पेयजल संरक्षण अधिनियम के अंतर्गत आवश्यकता पड़ने पर बड़े निजी जल स्त्रोतों हैंडपंप, कुंए आदि का अधिग्रहण किया जाये और उसका उपयोग सार्वजनिक रूप से  से जनता के लिये पेयजल के लिये किया जाये।
कलेक्टर ने टीएल बैठक में सभी अधिकारियों को लोक सेवा गारंटी अधिनियम के अंतर्गत दी जाने वाली सेवाओं को समय सीमा में उपलब्ध कराये जाने के सख्त निर्देश दिये हैं। समय सीमा बाह्र प्रकरणों में एसडीएम के संबंध में प्रकरण संभागायुक्त को अर्थदण्ड हेतु प्रेषित कर दिये गये। साथ ही तहसीलदार के पास लंबित समय सीमा बाह्र प्रकरणों पर अर्थदण्ड की कार्यवाही हेतु प्रकरण प्रस्तुत करने के निर्देश दिये गये हैं। मुख्यमंत्री समाधान ऑनलाइन प्रकरण की समीक्षा के दौरान कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देश दिये कि विगत एक वर्ष के एल-वन, एल-टू स्तर पर लंबित प्रकरणों में क्या कार्यवाही की गयी है। इसके पूर्ण विवरण बनाकर प्रस्तुत किया जाये। जिन अधिकारियों द्वारा लापरवाहीपूर्वक कार्य किया गया है, ऐसे अधिकारियों के विरूद्ध शासन व विभाग को लिखा जायेगा।
बैठक में गेहूं उपार्जन की समीक्षा के दौरान कलेक्टर ने सहकारिता व खाद्य अधिकारी को निर्देश दिये कि गेहूं खरीदी के बाद किसानों के खाते में 48 घण्टे के अंदर गेहूं खरीदी की राशि का भुगतान किया जाना सुनिश्चित किया जाये। इसमें किसी प्रकार की लापरवाही नहीं होना चाहिये। साथ ही एडीएम श्री अजय देव शर्मा को निर्देश दिये कि किसानों को उनके खाते में भुगतान की जा रही राशि की व्यवस्था की समीक्षा करते हुये जिला खाद्य अधिकारी श्री मीणा ने बताया कि इस वर्ष अभी तक 68 हजार 710 मीट्रिक टन गेहूं खरीदा गया है। जिले में पंजीकृत 22 हजार 323 किसानों में से 7 हजार 972 किसानों के द्वारा गेहूं बेचा गया है। वर्तमान समय तक 63 करोड़ रुपये का भुगतान किसानों को किया जा चुका है। 57 हजार मीट्रिक टन  से अधिक गेंहू को परिवहन किया जा चुका है।
बैठक में कलेक्टर ने निर्देश दिये कि नर्मदा सेवा यात्रा के दौरान माननीय मुख्यमंत्रीजी के घोषणा के अनुसार वृक्षारोपण किया जाना है। इसके लिये तैयारियां शुरू कर दी जायें। शहर के आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में विशेषकर पहाड़ी क्षेत्रों पर वृक्षरोपण के लिये तैयारी शुरू की जाये। टीएल बैठक में सभी अधिकारी उपस्थित थे।
राठौर/कपूर


प्रभारी मंत्री श्री जयंत मलैया का दौरा कार्यक्रम
इंदौर 3 अप्रैल, 2017
जिले के प्रभारी तथा वित्त एवं वाणिज्यिक कर मंत्री श्री जंयत मलैया आगामी 5 अप्रैल 2017 को सुबह 10 बजे भोपाल से रवाना होकर दोपहर एक बजे इंदौर आयेंगे तथा दोपहर 2 बजे इंदौर से पुणे के लिये रवाना होंगे। श्री मलैया अपरान्ह सवा तीन बजे पुणे में विभिन्न शासकीय और स्थानीय बैठकों में भाग लेंगे और पुणे में ही रात्रि विश्राम करेंगे। श्री मलैया 6 अप्रैल, 2017 को अपरान्ह 1.35 बजे इंदौर आयेंगे और स्थानीय कार्यक्रमों में भाग लेंगे तथा रात्रि 11.30 बजे क्षिप्रा एक्सप्रेस से इंदौर से दमोह के लिये प्रस्थान करेंगे।
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सिंह/कपूर




संगीता देवड़ा अगस्त-2016 से आशा कार्यकर्ता के कार्य से पृथक
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वर्तमान में स्वास्थ्य विभाग में नहीं हैं कार्यरत
इंदौर 3 अप्रैल, 2017
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ.एच.एन.नायक ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग द्वारा इंदौर के अरिहंत नगर निवासी संगीता पति विमल देवड़ा को पिछले अगस्त, 2016 से आशा कार्यकर्ता के कार्य से पृथक कर दिया गया है तथा वे वर्तमान में स्वास्थ्य विभाग के लिये कार्य नहीं कर रही हैं। 
उन्होंने बताया कि संगीता को वर्ष-2009 में आशा कार्यकर्ता के रूप में विकासखंड हातोद के लिये चिन्हांकित किया गया था।  तदुपरांत शहरी सीमा परिसीमन के पश्चात मल्हारगंज जोन के अंतर्गत कार्य हेतु मई 2015 में चिन्हित किया गया, किंतु इनके द्वारा आशा कार्यकर्ता के कार्य के दायित्वों का निर्वहन ठीक ढंग से नहीं करने के कारण जोनल आफिसर मल्हारगंज द्वारा दिनांक 2 जून, 2016 को चेतावनी-पत्र जारी किया गया तथा आशा के दायित्वों का ठीक ढंग से निर्वहन हेतु निर्देशित किया गया था। इसके पश्चात दिनांक 17 अगस्त, 2016 को अन्य निष्क्रिय आशा कार्यकर्ताओं के साथ संगीता को भी आशा कार्यकर्ता के कार्य से पृथक कर दिया गया था।
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सिंह/कपूर

 




आरोग्य स्वास्थ्य मेले का आयोजन लालबाग पैलेस 
इंदौर में 07 से 10 अप्रैल,2017 तक
इंदौर 3 अप्रैल, 2017
आयुष मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा मध्यप्रदेश सरकार तथा फेडरेशन ऑफ इंडियन चैम्बर्स (एफआईसीसीआई) के साथ मिलकर अपने आरोग्य स्वास्थ्य मेले के दूसरे संस्करण का आयोजन 07 से 10 अप्रैल, 2017 तक लालबाग पैलेस इंदौर में किया जा रहा है। मेले का उद्देश्य वर्तमान में उपलब्ध चिकित्सा क्षमताओं, आवश्यकताओं, मौजूदा शोध प्रथाओं एवं आयुष मंत्रालय के तहत शोध संस्थानों के कार्यों का प्रदर्शन करना एवं आयुर्वेद, योग व प्राकृतिक चिकित्सा, यूनानी, सिद्ध और होमियोपैथी (आयुष) प्रणाली का प्रचार करना है। आरोग्य स्वास्थ्य मेला आयुष क्षेत्र के सभी पहलुओं के प्रदर्शन के लिये आयुष के सभी हितधारकों को एक साथ लाने के लिये एक समन्वित मंच प्रदान करता है। इसके अलावा आरोग्य मेले में समुदाय के सदस्यों के बीच आयुष प्रणाली की प्रभावकारिता के बारे में इसकी लागत-प्रभावशीलता और घर पर ही सामान्य बीमारियों की रोकथाम और उपचार में प्रयुक्त की जाने वाली जड़ी-बूटियों की उपलब्धता के बारे में जानकारी दी जाती है।
इंदौर में आरोग्य के दौरान देश के विभिन्न हिस्सों से आयुर्वेद, यूनानी, सिद्ध और होमियोपैथी दवाओं के 100 से अधिक निर्माता मेले में भाग लेंगे और अपने उत्पाद प्रदर्शित करेंगे तथा रियायती मूल्य पर बेचेंगे। औषधि विनिर्माण, उपकरण निर्माता, आयुष अस्पताल, आयुष चिकित्सा महाविद्यालय, अनुसंधान संस्थान, आयुष चिकित्सक, औषधीय पौधशालाएं, ड्रग टेÏस्टग लैबोरेटरीज, स्थानीय आयुष स्कूल और कॉलेज प्रदर्शनी में भाग लेंगे।
भारत सरकार व आयुष चिकित्सकों द्वारा नि:शुल्क स्वास्थ्य जांच और दवाओं का मुफ्त वितरण किया जाएगा। आयुष दवाओं में प्रयोग होने वाले औषधीय पौधों के प्रदर्शन और बिक्री का भी आयोजन किया जाएगा ताकि ऐसे पौधों की खेती घर पर ही की जा सके। आयुष में आम बीमारियों के उपचार के लिये घरेलू उपचार का प्रदर्शन किया जायेगा। मेले के दौरान लोगों को रोगों की रोकथाम, स्वस्थ्य जीवन शैली के बारे में शिक्षित करने और निरोगी रहने की आदतों को अपनाने, जीवंत योग प्रदर्शन, योग चिकित्सा सत्र और निसर्ग चिकित्सा पर परामर्श आयोजित किया जाएगा। योग विशेषज्ञ विभिन्न रोगों के उपचार के लिये योग आसन का जीवंत प्रदर्शन और मार्गदर्शन प्रदान करेंगे। प्राकृतिक चिकित्सा विशेषज्ञ, प्राकृतिक चिकित्सा के माध्यम से सामान्य बीमारियों की रोकथाम और उपचार के लिये सलाह देंगे।
मेले में प्रवेश मुफ्त है तथा आम जनता के लिये प्रवेश सभी चारों दिन खुला है। मेले का समय प्रात: 11 बजे से रात्रि 8 बजे तक होगा। अधिक जानकारी के लिये www.arogyoficci.com  पर जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।
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भदौरिया/कपूर



मुख्यमंत्री श्री शिवराजसिंह चौहान वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिये अधिकारियों से चर्चा करेंगे
ग्रामोदय से भारत उदय अभियान के संबंध में वीडियो कांफ्रेंसिंग आज
इंदौर 3 अप्रैल, 2017
मुख्यमंत्री श्री शिवराजसिंह चौहान आज सुबह 10 वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से संभागीय अधिकारियों के साथ ग्रामोदय से भारत उदय अभियान के संबंध में चर्चा करेंगे। कलेक्टर श्री पी.नरहरि ने जिले के सभी संबंधित अधिकारियों को वीडियो कांफ्रेंसिंग में उपस्थित रहने के निर्देश दिये हैं।
राठौर/कपूर



प्रकरण श्रम न्यायालय को सौंपने के आदेश जारी
इंदौर 3 अप्रैल, 2017
श्रम आयुक्त ने सेवानियुक्त जगदीश पटेल एवं सेवा नियोजक कारखाना प्रबंधक फलेक्सीटफ इंटरनेशनल लिमिटेड इंदौर, सेवा नियुक्त बाल गोविंद पिता सोमित्रा पटेल, सेवानियोजक कारखाना प्रबंधक सुनील ऑटो कम्पोनेंट प्रायवेट लिमिटेड पीथमपुर के मध्य उत्पन्न विवाद को औद्योगिक विवाद मानकर प्रकरण श्रम न्यायालय धार को सौंपने के आदेश जारी किये हैं। इसी प्रकार श्रम आयुक्त ने सेवानियुक्त संतोष पिता दगडू एवं सेवानियोजक प्रबंधक जी.बी.एक्सप्रेस लॉजिस्टक प्रायवेट लिमिटेड इंदौर, सेवानियुक्त महेश पिता हीरालाल पटेल एवं सेवानियोजक प्रबंधक जे.बी.एक्सप्रेस लॉजिस्टक प्रायवेट लिमिटेड इंदौर, सेवानियुक्त विजय पिता मांगीलाल एवं नियोजक प्रबंधक जी.बी.एक्सप्रेस लॉजिस्टक प्रायवेट लिमिटेड इंदौर के प्रकरण को अध्यक्ष न्यू सदाशिव गलैक्सी कम्पोनेंट मजदूर कर्मचारी यूनियन पीथमपुर तथा सेवानियोजकगण कारखाना प्रबंधक गैलेक्सी कम्पोनेंट मजदूर कर्मचारी यूनियन पीथमपुर, कारखाना प्रबंधक सदाशिव इंजीनियरिंग प्रायवेट लिमिटेड पीथमपुर जिला धार के मध्य उत्पन्न विवाद को औद्योगिक विवाद मानकर प्रकरण श्रम न्यायालय इंदौर को सौंपने के आदेश जारी किये हैं।
सिंह/कपूर




नगरीय निकायों  की मतदाता-सूची में
आधार एवं म¨बाइल नम्बर भी जुड़ेंगे
इंदौर 3 अप्रैल, 2017
राज्य निर्वाचन आयोग  द्वारा निर्णय लिया गया है कि नगरीय निकायों की मतदाता-सूची में आधार सीडिंग एवं म¨बाइल नम्बर भी ज¨ड़े जायेंगे। इस कार्य के लिये प्राधिकृत कर्मचारियों  के घर-घर जाकर आधार नम्बर एवं म¨बाइल नम्बर की जानकारी लेने के निर्देश दिये गये हैं।
आधार एवं मोबाइल नम्बर का संकलन जिला खण्डवा, रतलाम, बैतूल, झाबुआ, अलीराजपुर, धार,  खरगोन , बड़वानी, बुरहानपुर, छिन्दवाड़ा, सिवनी, मण्डला,डिंडोरी  बालाघाट, शहड¨ल, अनूपपुर, उमरिया, सतना एवं नरसिंहपुर जिले के उन नगरीय निकायों में किया जायेगा, जहाँ आगामी दिनों  में चुनाव प्रस्तावित है। 
सचिव मध्यप्रदेश राज्यनिर्वाचन आयोग श्रीमती सुनीता त्रिपाठी ने संबंधित कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारियों को परिपत्र भेजकर निर्देशित किया है कि जिन मतदाताओं के आधार नम्बर नहीं हैं, उनके लिये विशेष शिविर लगवाकर आधार कार्ड बनवाये जायें।
दैनिक वेतनभोगी श्रमिकों के लिये एक अप्रैल से प्रदेश में नई दरें लागू
इंदौर 3 अप्रैल, 2017
श्रमायुक्त द्वारा घोषित महंगाई भत्ते की दरों के अनुसार 10 जून, 2016 एवं एक अप्रैल, 2017 से लागू 4 नये नियोजन सहित कुल 67 अनुसूचित नियोजनों में अकुशल श्रमिकों को प्रतिमाह रूपये 7125 या प्रतिदिन रुपये 274 अद्र्धकुशल श्रमिकों को प्रतिमाह रूपये 7982 या प्रतिदिन 307 कुशल श्रमिकों को प्रतिमाह रूपये 9360 या प्रतिदिन रूपये 360 तथा उच्च कुशल श्रमिक को प्रतिमाह रुपये 10 हजार 660 या रुपये 410 प्रतिदिन देय होगी। नई दरें पूरे प्रदेश में एक अप्रैल, 2017 से लागू हो गयी हैं।
कृषि नियोजन में उपभोक्ता मूल्य सूचकांक में प्रतिमाह रूपये 648 की वृद्धि श्रमायुक्त द्वारा घोषित की गयी है, जिसके आधार पर अकुशल श्रमिकों को प्रतिमाह रुपये 5998 या प्रतिदिन रूपये 199.93 की मजदूरी महंगाई भत्ते मिलाकर एक अप्रैल,2017 से देय होगी।
बीड़ी नियोजन के संबंध में न्यूनतम वेतन के लिये वर्तमान में एक अप्रैल, 2017 से आगामी एक वर्ष के लिये महंगाई भत्ते की दरें श्रमायुक्त द्वारा घोषित की गयी हैं, जिससे अब बीड़ी रोलर को मजदूरी रूपये 74 प्रति हजार तथा रूपये 9.63 महंगाई भत्ता कुल रूपये 83.63 प्रति हजार बीड़ी बनाने पर न्यूनतम वेतन दिया जायेगा। बीड़ी श्रमिकों को न्यूनतम वेतन के अलावा अवकाश के रूप में रूपये 4.18 तथा बोनस के रूप में रूपये 8.38 प्रति हजार बीड़ी बनाने पर भुगतान देय होगा। भविष्य निधि कटौती रूपये 16.76 की होगी, भविष्य निधि के कटौती उपरांत 1000 बीड़ी बनाने पर शुद्ध राशि रूपये 86.74 देय होगी।
अगरबत्ती नियोजन के लिये एक अप्रैल, 2017 से परिवर्तनशील महंगाई भत्ता मिलाकर अब साधारण अगरबत्ती के लिये रूपये 30.65 तथा सुगंधित अगरबत्ती के लिये रूपये 31.25 प्रति हजार अगरबत्ती की मजदूरी देय होगी।
सिंह/कपूर