Thursday, 15 June 2017


दो पारियों में होगी संघ लोक सेवा आयोग की सिविल सेवा प्रारंभिक परीक्षा
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12 हजार से अधिक अभ्यर्थी होंगे शामिल
इंदौर 15 जून 2017 
संघ लोक सेवा आयोग नईदिल्ली द्वारा आगामी 18 जून को सिविल सेवा प्रारंभिक परीक्षा-2017 का आयोजन किया जायेगा। यह परीक्षा दो सत्रों में प्रात: 9.30 बजे से 11.30 बजे तक और दोपहर 2.30 बजे से 4.30 बजे तक इंदौर शहर के 27 केन्द्रों पर आयोजित की जायेगी। संघ लोक सेवा आयोग द्वारा आयुक्त इंदौर संभाग इंदौर को परीक्षा का समन्वयक नियुक्त किया गया है तथा अपर कलेक्टर श्री अजयदेव शर्मा को परीक्षा निरीक्षक अधिकारी नियुक्त किया गया है। परीक्षा के लिये कमिश्नर श्री संजय दुबे ने 22 प्रशासनिक आब्जर्वर नियुक्त किये हैं, जो उड़नदस्ते का काम करेंगे। परीक्षा के लिये संभागायुक्त कार्यालय में नियंत्रण कक्ष स्थापित किया गया है जो 17 जून को 12 बजे से 5 बजे तक और 18 जून को प्रात: 8 बजे से शाम 6 बजे तक चालू रहेगा। नियंत्रण कक्ष का प्रभारी संयुक्त आयुक्त श्री रजनीश कसेरा और माफी अधिकारी श्री विनोद राठौर को नियुक्त किया गया है। 
अभ्यर्थियों को ई-एडमिशन सर्टिफिकेट और ब्लैक प्वाइंट पेन लेकर परीक्षा में शामिल होना है। परीक्षा में मोबाइल, पेजर अथवा किसी भी प्रकार का इलेक्ट्रानिक आइटम या इलेक्ट्रानिक घड़ी ले जाने की छूट नहीं रहेगी। प्रथम सत्र की परीक्षा में प्रात: 9.40 बजे के बाद और द्वितीय सत्र में दोपहर 2.40 बजे के बाद प्रवेश पूरी तरह निषेध रहेगा। अभ्यर्थियों से अपेक्षा की गई है कि वे परीक्षा से एक घण्टे पूर्व परीक्षा केन्द्र में पहुचेंगे और जाँच पड़ताल के बाद ही उन्हें परीक्षा केन्द्र में प्रवेश मिलेगा। इंदौर जिले में 12 हजार 253 अभ्यर्थी इस परीक्षा में शामिल होने के लिए आवेदन दिया है। 
केन्द्राध्यक्षों को परीक्षार्थियों के लिये समुचित बैठक व्यवस्था, पेयजल और शौचालय आदि की सुविधा मुहैया कराने के निर्देश दिये गये हैं। परीक्षा केन्द्रों पर पर्याप्त पुलिस व्यवस्था भी रहेगी। परीक्षा शुरू होने से तीन मिनट पूर्व ही परीक्षार्थियों को ओएमआर सीट वितरित की जायेगी। परीक्षा उपरान्त ओएमआर सीट जमा करने के बाद ही परीक्षार्थियों को बाहर निकलने दिया जायेगा।
संघ लोक सेवा आयोग द्वारा निर्देश दिये गये हैं कि परीक्षा में एकरूपता रखी जाये। संघ लोक सेवा आयोग की यह सबसे बड़ी परीक्षा है। इसमें शामिल होने के लिये 9 लाख 57 हजार लोगों ने आवेदन किया है। संघ लोक सेवा आयोग द्वारा इस परीक्षा को स्वतंत्र और निष्पक्ष रूप से संचालित करने के लिये कंट्रोल रूम की स्थापना की गई है, जिसके नंबर 011-23381907/23070690 है। संघ लोक सेवा आयोग द्वारा अभ्यर्थियों के लिये अलग से कंट्रोल रूम के नंबर जारी किये गये हैं, जो कि इस प्रकार हैं - 011-23385271/23381125/ 23098543. कोई भी अभ्यर्थी या केन्द्राध्यक्ष नियमों की विस्तृत जानकारी जानने के लिये संघ लोक सेवा आयोग की वेबसाइट www.upsc.gov.in पर संपर्क कर सकते हैं। इस परीक्षा के लिये केन्द्र और राज्य सरकार द्वारा चार पर्यवेक्षक नियुक्त किये गये हैं।

वृहद पैमाने पर किया जायेगा नर्मदा बेसिन में वृक्षारोपण
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2 जुलाई को बनेगा वृक्षारोपण का विश्व रेकार्ड
इंदौर 15 जून, 2017
राज्य शासन द्वारा दिये गये निर्देशानुसार इंदौर जिले में भी ""नमामि देवि नर्मदे'' अभियान के अंतर्गत हरियाली महोत्सव आयोजित किया जायेगा। इस अभियान के अंतर्गत इंदौर जिले में नर्मदा बेसिन के डेढ़ सौ से अधिक गांवों का चयन किया गया है। इन गांवों में पर्यावरण तथा जल संरक्षण के लिये सघन वृक्षारोपण की गांववार कार्ययोजना तैयार की गयी है। इस कार्ययोजना के मुताबिक इंदौर जिले में नर्मदा बेसिन के डेढ़ सौ से अधिक गांवों में आगामी 2 जुलाई को एकसाथ 15 लाख से अधिक पौधे रोपे जायेंगे। 
जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्रीमती कीर्ति खुरासिया ने बताया कि पौधरोपण के लिये व्यापक तैयारियां की गयी हैं। जिले में नमामि देवि नर्मदे अभियान के अंतर्गत हरियाली महोत्सव का प्रभावी क्रियान्वयन किया जायेगा। नर्मदा बेसिन में आने वाले डेढ़ सौ से अधिक गांवों का चयन किया गया है। इन गांवों में अभी वृक्षारोपण के प्रति जनजागरण के लिये रैलियां निकालने तथा अन्य कार्यक्रमों के आयोजन का सिलसिला जारी है। बताया गया कि इन डेढ़ सौ से अधिक गांवों में वृक्षारोपण के लिये विभागवार लक्ष्य तय किये गये हैं। तदनुसार वन विभाग, जनपद पंचायत द्वारा शासकीय और निजी भूमि पर साढ़े 11 लाख से अधिक पौधे रोपे जायेंगे। इसी तरह कृषि, उद्यानिकी एवं जलग्रहण प्रबंधन मिशन द्वारा एक-एक लाख, महिला एवं बाल विकास विभाग, आदिम जाति कल्याण विभाग तथा जिला शिक्षा केन्द्र व स्वास्थ्य विभाग द्वारा 10-10 हजार एवं जिला शिक्षा केन्द्र और सामाजिक न्याय विभाग द्वारा 5-5 हजार पौधे रोपे जायेंगे। उक्त विभागों द्वारा रोपे गये पौधों की सुरक्षा भी पौधों के बड़े होने तक की जायेगी। रोपे गये पौधों की सिंचाई भी उक्त विभाग अपने स्तर पर करेंगे। रोपे जाने के पूर्व चिन्हित जमीन के फोटो लिये जायेंगे । पौधेरोपण के दौरान तथा पौधरोपण के पश्चात् भी उनके फोटो रखना होंगे। पौधरोपण का कार्य गूगल मैप पर भी दर्ज होगा।
बताया गया कि ""नमामि देवि नर्मदे'' अभियान के अंतर्गत पौधरोपण का कार्य गिनीज बुक वल्र्ड रेकार्ड में भी दर्ज कराया जायेगा। अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि वे अभियान के अंतर्गत समूह स्तर पर पौधेरोपण का कार्य करवायें। नागरिकों एवं स्वयंसेवी संगठन, सामाजिक संगठन, धार्मिक संस्थाओं आदि की सहभागिता भी इस अभियान में सुनिश्चित करें। अभियान के दौरान उपयोगी पौधों जैसे सागौन, बांस, खमेर, आम, कटहल, सुरजना, जाम, महुआ, इमली, बैर, आंवला, जामुन, कबीट, निंबू, सीताफल, बहडा, नीम, करंज, शीशम, चीरोल, देशीखेर, अर्जुन, बरगद, पीपल, गूलर, काला और सफेद सिरस आदि उपयोगी पौधों का रोपण करें।

उत्कृष्ट छात्रावासों में प्रवेश हेतु परीक्षा 18 जून को
इंदौर 15 जून, 2017
सहायक आयुक्त आदिवासी श्रीमती मोहनी श्रीवास्तव ने बताया कि आगामी 18 जून को प्राचार्य परीक्षा पूर्व प्रशिक्षण केन्द्र ए.बी.रोड इंदौर में अनुसूचित जाति, जनजाति वर्ग के विद्यार्थियों को उत्कृष्ट छात्रावासों में प्रवेश हेतु परीक्षा ली जायेगी। विद्यार्थीगण उत्कृष्ट छात्रावासों में प्रवेश हेतु उत्कृष्ट बालक छात्रावास संयोगितागंज, उत्कृष्ट कन्या छात्रावास मोती तबेला, उत्कृष्ट बालक छात्रावास सांवेर, उत्कृष्ट कन्या  छात्रावास, सांवेर, उत्कृष्ट बालक छात्रावास देपालपुर, उत्कृष्ट कन्या छात्रावास देपालपुर, उत्कृष्ट बालक छात्रावास महूगांव महू से आवेदन प्राप्त कर वहीं पर जमा किये जा सकते हैं।  गत 11 जून, 2017 को इन्हीं छात्रावासों में प्रवेश हेतु परीक्षा ली गयी थी, अब उन्हें दोबारा आवेदन प्रस्तुत करने की आवश्यकता नहीं है।
 सिंह/कपूर
इंदौर में आज से स्कूल चलें अभियान शुरू
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शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार करने का आह्वान
इंदौर 15 जून, 2017
स्थानीय अहिल्या आश्रम स्कूल क्रमांक-एक पोलोग्राउण्ड में आज इंदौर में स्कूल चलें अभियान का शुभारंभ विधायक सुश्री उषा ठाकुर और कलेक्टर श्री शमीमुद्दीन ने किया। इस अवसर पर विधायक सुश्री उषा ठाकुर ने कहा कि शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार जरूरी है। प्रायवेट स्कूलों की तरह सरकारी स्कूलों के शिक्षक भी घर-घर जाकर बच्चों और पालकों का विश्वास हासिल करें। पालकगण शिक्षकों पर सर्वाधिक विश्वास करते हैं। शिक्षक राष्ट्र निर्माता हैं। समाज को शिक्षकों से बहुत अधिक अपेक्षाएं हैं। शिक्षकों को समय की कसौटी पर खरा उतरना है। विद्यार्थी राष्ट्र की सम्पत्ति हैं। कोई भी विद्यार्थी देश का भविष्य होता है। उसके भविष्य को संवारना हम सबकी नैतिक जिम्मेदारी है। शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार के लिये विद्यार्थी, पालक और शिक्षक तीनों का संयुक्त प्रयास जरूरी है। तीनों के सहयोग से ही शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार आयेंगे। राज्य शासन शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार के लिये कृतसंकल्पित हैं। अच्छा काम करने वाले शिक्षकों और विद्यार्थियों का सम्मान जरूरी है। 
इस अवसर पर कलेक्टर श्री शमीमुद्दीन ने कहा कि विद्यादान एक पुण्य कार्य है। यह शिक्षकों का सौभाग्य है कि उन्हें राष्ट्र निर्माण का दायित्व सौंपा गया है। शिक्षक हमेशा विद्यार्थी होता है और वह अपनी गलतियों से रोज कुछ न कुछ सींखता है। विद्यार्थी कच्चे घड़े के समान है, उसे संवारना शिक्षकों का दायित्व है। शिक्षकगण अपने दायित्वों का गंभीरतापूर्वक निर्वहन करें। शिक्षक घर-घर जाकर पालकों का विश्वास हासिल करें। विद्यादान सबसे बड़ा दान है। विद्या एक ऐसा धन है, जो खर्च करने से बढ़ता है।
इस अवसर पर संयुक्त संचालक स्कूल शिक्षा श्री जी.एस.बामनिया ने कहा कि शिक्षा किसी भी विकसित और उन्नत समाज का आधार है। शासकीय स्कूलों में शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार के लिये अधिकारियों द्वारा सतत् निरीक्षण जरूरी है। जो शिक्षक ठीक से काम कर रहे हैं, उन्हें पुरस्कृत किया जाये और जो काम नहीं कर रहे हैं उन्हें दंडित किया जाये। शिक्षा के स्तर में सुधार के लिये शिक्षकों की महत्वपूर्ण भूमिका है। चाणक्य भी एक शिक्षक थे, जिन्होंने राष्ट्र निर्माता विद्यार्थी तैयार किये। कार्यक्रम को डीपीसी श्री अक्षय राठौर ने भी सम्बोधित किया। कार्यक्रम का संचालन श्रीमती सुनयना शर्मा ने किया। इस अवसर पर सहायक संचालक स्कूल शिक्षा श्री नरेन्द्र जैन भी मौजूद थे।
स्कूल चले अभियान एक सप्ताह तक चलेगा,जिसके तहत कहानी प्रतियोगिता, पुस्तक वितरण, शिक्षकों द्वारा घर-घर सम्पर्क आदि किया जायेगा। जो बच्चे अगले सात दिन में स्कूल आयेंगे उनका तिलक लगाकर स्वागत किया जायेगा। इस दौरान पहली से 12वीं तक के बच्चों को पुस्तक का वितरण किया जायेगा। गत वर्ष जिन बच्चों की शत-प्रतिशत उपस्थिति रही है, उन्हें सम्मानित किया जायेगा।
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