Monday, 16 April 2018

जो किसानों ने भी नहीं सोचावह भी सरकार ने किया और करेगी
कृषि उत्पादों के निर्यात के लिये बनाई जायेगी राज्य स्तरीय संस्था मुख्यमंत्री ने 10 लाख 21 हजार किसानों के खातों में ट्रान्सफर किये 1669 करोड़
शाजापुर में किसान महासम्मेलन में मुख्यमंत्री श्री चौहान 
इंदौर 16 अप्रैल 2018          
       मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि किसानों को उनके पसीने की पूरी कीमत दिलाने के लिये मुख्यमंत्री कृषक समृद्धि योजना लागू की गई है। इसमें समर्थन मूल्य पर अथवा उससे अधिक मूल्य पर गेहूँ बिकने पर 265 रूपये प्रति क्विंटलचनामसूरसरसों पर 100 रूपये प्रति क्विंटल तथा लहसुन पर 800 रूपये प्रति क्विंटल किसान के खाते में डाले जायेंगे। मुख्यमंत्री श्री चौहान आज शाजापुर में किसान महासम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। कार्यक्रम में 10 लाख 21 हजार किसानों के बैंक खातों में1669 करोड़ रूपये ऑनलाईन डाले गये। यह प्रोत्साहन राशि गेहूँ उपार्जन वर्ष 2016-17 और धान उपार्जन वर्ष 2017 पर 200 रूपये प्रति क्विंटल की दर से दी गयी।
षड़यंत्रों से सावधान रहें किसान
       मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि किसानों को उनके उत्पाद का उचित मूल्य दिलाने के लिये खाद्य प्र-संस्करण और कृषि के विविधीकरण के लिये प्रोत्साहित किया जायेगा। कृषि उत्पाद के निर्यात के लिये इसी वर्ष राज्य स्तरीय संस्था बनाई जायेगी। उन्होंने कहा कि देश के संसाधनों पर किसानों का हक है। किसानों की समस्याओं के नाम पर राजनीति नहीं की जाना चाहिये। किसान इस तरह के षड़यंत्रों से सावधान रहे। उन्होंने कहा कि आज प्रदेश में नगदी की कमी पैदा की जा रही हैइससे राज्य सरकार निपटेगी। किसानों को कोई भी दिक्कत हो तो मुख्यमंत्री निवास पर स्थापित कंट्रोल रूम के फोन नम्बर-0755-2540500 पर फोन करें। श्री चौहान ने कहा कि खेती-किसानी में प्रदेश को आगे बढ़ाने में राज्य सरकार के साथ सहयोग करें। मुख्यमंत्री ने प्रदेश को विकसित राज्यों में अग्रणी प्रदेश बनाने का संकल्प दोहराया।
खसरे की नि:शुल्क कॉपी मिलने पर ही प्रकरण समाप्त होगा
       मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि मुख्यमंत्री युवा कृषक उद्यमी योजना शुरू की गई हैजिसमें किसानों के बेटे-बेटियों को उद्योग लगाने के लिये दो करोड़ रूपये तक का ऋण उपलब्ध करवाया जायेगा। इस ऋण की गारंटी राज्य सरकार लेगी। उन्होंने बताया कि इस वर्ष प्रत्येक विकासखंड में 100-100 युवाओं को ऋण दिलाया जायेगा। श्री चौहान ने कहा कि राजस्व प्रकरणों के निराकरण के लिये चलाये गये विशेष अभियान में तीन माह में नामांतरण और बँटवारे के 14 लाख प्रकरण निपटाये गये हैं। अब नामांतरण के आदेश के बाद खसरा और नक्शे की नकल की कॉपी संबंधित किसान को नि:शुल्क दे दी जायेगीतब ही प्रकरण समाप्त माना जायेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि खराब ट्रांसफार्मर बदलने के लिये यदि किसान ट्रान्सफार्मर लाते हैंतो विद्युत कंपनी द्वारा इसका किराया दिया जायेगा। बदलने के बाद ट्रांसफार्मर अगर तीन माह के भीतर जल जाता हैतो बिना बकाया राशि लिये उसे फिर बदल दिया जायेगा।
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि मुख्यमंत्री असंगठित मजदूर कल्याण योजना में ढाई एकड़ तक की भूमि वाले किसानों को शामिल किया गया है। डिफाल्टर किसानों के लिये नई योजना बनाई गई हैजिसमें ब्याज राज्य सरकार भरेगी और मूलधन का आधा किसान द्वारा दिये जाने पर उसे शून्य प्रतिशत ब्याज पर ऋण दिया जायेगा। श्री चौहान ने कहा कि इस वर्ष भावांतर भुगतान योजना में किसानों के खाते में दो हजार करोड़ रूपये की राशि डाली गयी है।                                                                
जो किसानों ने भी नहीं सोचावह कर रही है सरकार
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि किसानों को सुविधाएँ देने में कोई कोर-कसर बाकी नहीं रखी जायेगी। जो किसानों ने भी नहीं सोचावह भी सरकार कर रही है। उन्होंने जनता को याद दिलाते हुए कहा कि पूर्व की सरकार के समय किसानों को 18 प्रतिशत ब्याज पर ऋण मिलता थाजिसे घटाकर शून्य प्रतिशत कर दिया गया है। खाद के अग्रिम भंडारण पर ब्याज राज्य सरकार द्वारा दिया जाता है। प्राकृतिक आपदा में दी जाने वाली राहत राशि पहले ढाई हजार रूपये प्रति हेक्टयर थीजिसे बढ़ाकर 30 हजार रूपये प्रति हेक्टयर कर दिया गया है। एक वर्ष में किसानों को 18 हजार करोड़ रूपये की राहत दी गई है। प्याज के दाम गिरने पर राज्य सरकार द्वारा 800 रूपये प्रति क्विंटल के भाव पर प्याज खरीदी पर 650 करोड़ रूपये खर्च किये गये। सिंचाई की क्षमता प्रदेश में साढ़े सात लाख हेक्टयर से बढ़ाकर चालीस लाख हेक्टयर कर दी गयी है। सिंचाई के लिये बिजली की समुचित व्यवस्था की गई है। खेती को फायदे का धंधा बनाने के लिये राज्य सरकार द्वारा हर-संभव प्रयास किये जा रहे हैं।
307 करोड़ के विकास कार्यों का लोकर्पण एवं शिलान्यास
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने इस अवसर पर शाजापुर जिले में करीब 250 करोड़ रूपये के विकास कार्यों का लोकार्पण तथा 57 करोड़ रूपये के विकास कार्यों का शिलान्यास किया। साथ ही विभिन्न योजनाओं के हितग्राहियों को लाभान्वित किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि आने वाले वर्षों में पूरे प्रदेश में सिंचाई की व्यवस्था की जायेगी। उन्होंने सिंचाई परियोजनाओं का निम्नानुसार उल्लेख किया।
अंचल
सिंचाई परियोजनाएँ
वर्तमान सिंचाई क्षेत्र (हैक्टेयर)
वर्षों में अतिरिक्त वृद्धि (हैक्टेयर)
अगले वर्षों में निवेश (करोड़) रूपये
होशंगाबाद/सतपुड़ा अंचल
200
लाख 15 हजार
एक लाख 30 हजार
हजार 500
बुंदेलखण्ड अंचल
715
लाख 85 हजार
लाख 50 हजार
हजार 800
मालवांचल में
1785
लाख 10 हजार
11 लाख 60 हजार
38 हजार
ग्वालियर/चम्बल अंचल
478
लाख 70 हजार
लाख 10 हजार
हजार
बघेलखंड /रेवांचल
466
लाख 40 हजार
लाख 15 हजार
हजार 850
विध्यांचल/जबलपुर
अंचल
938
लाख 10 हजार
लाख 90 हजार
हजार 800
भोपाल अंचल
812
लाख 75 हजार
लाख 40 हजार
16 हजार
कार्यक्रम में जिले के प्रभारी मंत्री श्री दीपक जोशीविधायक श्री अरूण भीमावदराज्य ऊर्जा विकास निगम के अध्यक्ष श्री विजेन्द्र सिंह सिसोदियामार्कफेड के अध्यक्ष श्री रमाकांत भार्गवसांसद श्री मनोहर ऊँटवालअन्य जन-प्रतिनिधि और बड़ी संख्या में किसान उपस्थित थे।
मतदाता सूची के पुनरीक्षण कार्य में लापरवाही बरतने वाले
बीएलओ के विरूध की जायेगी सख्त कार्यवाही
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सभी मतदान केन्द्रों का होगा भौतिक सत्यापन
इंदौर 16 अप्रैल 2018
       कलेक्टर श्री निशांत वरवड़े की अध्यक्षता में आज कलेक्टर कार्यालय के सभाकक्ष में राजस्व अधिकारियों की बैठक संपन्न हुई। इस बैठक में अपर कलेक्टर श्री कैलाश वानखेड़े सहित जिले के राजस्व अधिकारी मौजूद थे। बैठक में कलेक्टर श्री वरवड़े ने राजस्व प्रकरणों के निराकरण के साथ ही आगामी विधानसभा निर्वाचन की प्रारंभिक तैयारियों की समीक्षा की।
    इस अवसर पर उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिये कि निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार इंदौर जिले में पूरी तरह से परिशुद्ध मतदाता सूची तैयार की जाये। मतदाता सूची में किसी भी तरह की त्रुटि नहीं रहे। अपात्र तथा मृत्य मतदाताओं के नाम मतदाता सूची से हटाये जाये। यह तय किया जाये कि सभी मतदान केन्द्रों के लिए एक-एक बूथ लेवल आफिसर हो। ऐसे बूथ लेवल आफिसर जो अपने कार्य में लापरवाही तथा उदासीनता बरत रहे है, उनके विरूद्ध सख्त कार्यवाही की जाये। कार्यभार ग्रहण नहीं करने वाले बीएलओ के विरूद्ध विभागीय जांच की कार्यवाही की जाये। जिले में सभी मतदान केन्द्रों का अनिवार्य रूप से भौतिक सत्यापन किया जाये।
    श्री वरवड़े ने राजस्व प्रकरणों के निराकरण की समीक्षा करते हुए अधिकारियों से कहा कि निराकृत प्रकरणों की जानकारी विभागीय पोर्टल, आरसीएमएस में अनिवार्य रूप से दर्ज करें। भू अधिकार अधिनियम के अंतर्गत पट्टों की जानकारी इस पोर्टल में दर्ज की जाये। इसी पोर्टल के माध्यम से पट्टे तैयार होंगे। पट्टे तैयार होने के बाद उसे लेमिनेट कर हितग्राहियों को वितरित किये जायेंगे।

मुख्यमंत्री कौशल संवर्धन योजना

भोपाल

1 योजना उद्देश्य एवं लक्ष्य-
प्रस्तावित योजना के निम्न उद्देश्य हैं-
  • विभिन्न विभागों द्वारा संचालित की जा रही कौशल संवर्धन प्रशिक्षण कार्यक्रम में राष्ट्रीय मानकों के अनुसार प्रमाणीकरण, एकरूपता लाते हुए प्रशिक्षण में गुणवत्ता एवं रोजगार अवसर में वृद्धि लाना है।
  • मांग अनुसार ऐसे प्रशिक्षण कार्यक्रम संचालित करना जिसकी पूर्ति परम्परागत आई.टी.आई. पाठ्यक्रमों से करना संभव नहीं है।
2 लक्ष्य समूह:
  • औपचारिक शिक्षा प्रणाली को छोड़े हुए युवा
  • ऐसे व्यक्ति जो अपना कौशल विकसित कर रोजगार/स्वरोजगार चाहते हैं।
  • ऐसे कामगार जो अपने अनौपचारिक कौशल का प्रमाणीकरण चाहते हैं।
  • महिलाएं और अन्य वंचित समूह।
  • नक्सलवाद प्रभावित क्षेत्रों के युवाओं को आवासीय प्रशिक्षण
  • विमुक्त, घुमक्कड़ एवं अर्द्ध घुमक्कड़ वर्ग के युवा।
3 प्रशिक्षण के लिए सेक्टर्स-
  • परिधान एवं गृह सज्जा, कृषि, ग्रीन जॉब, प्लम्बर, ऑटोमोबाइल्स, वुडवर्क, टेक्निशियन, केपिटल गुडस, निर्माण कार्य, घरेलू काम-काज, इलेक्ट्रॉनिक्स एण्ड हार्डवेयर, फूड प्रोसेसिंग, रिटेल, आईटी, सुरक्षा, टेलीकॉम, टूरिज्म एण्ड हॉसपिटेलिटी एवं वित्त।
प्रशिक्षण संस्थाओं/पाठ्यक्रमों/लक्ष्यों का निर्धारण

नेशनल स्किल क्वलीफिकेशन फ्रेमवर्क (एनएसक्यूएफ) के तहत कौशल दक्षता के स्तर निर्धारित किये गये हैं। इस योजना के तहत इन पाठ्यक्रमों को संचालित किया जाना प्रस्तावित है। ऐसे कौशल प्रशिक्षण कार्यक्रम भी संचालित किये जायेंगें, जिनके लिये रोजगार प्रदायकर्ता सुनिश्चित रोजगार देने के लिये अनुबंध करेंगे। निजी क्षेत्र के प्रशिक्षण प्रदायकर्ता संस्थानों का चयन एवं लक्ष्य निर्धारण आरएफपी जारी कर साधिकार समिति द्वारा किया जायेगा।

सभी शासकीय कार्यालय भवनों में जल संरक्षण के लिए होंगे
रूफ वाटर हार्वेस्टिंग के कार्य
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असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों के पंजीयन की अंतिम तिथि हुई 20 अप्रैल
इंदौर 16 अप्रैल 2018
       कलेक्टर श्री निशांत वरवड़े की अध्यक्षता में आज कलेक्टर कार्यालय के सभाकक्ष में अंतर्विभागीय समन्वय समिति की बैठक संपन्न हुई। इस बैठक में अपर कलेक्टर श्री कैलाश वानखेड़े सहित अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद थे। बैठक में कलेक्टर श्री वरवड़े ने निर्देश दिये कि जल संरक्षण के लिए सभी शासकीय कार्यालय भवनों में अनिवार्य रूप से रूफ वाटर हार्वेस्टिंग के कार्य करवाये जाये। जिन भवनों में पूर्व से यह कार्य हो चुके है, उनमें साफ-सफाई कर उसे सुचारू रूप से चालू किया जाये।
    बैठक में बताया गया कि जिले में असंगठित क्षेत्र के 36 श्रेणियों के श्रमिकों के  पंजीयन का कार्य तेजी से जारी है। जिले में अब तक 3 लाख 31 हजार श्रमिकों का पंजीयन किया जा चुका है। राज्य शासन द्वारा पंजीयन की अंतिम तिथि बढ़ाकर 20 अप्रैल कर दी गयी है। पूर्व में पंजीयन की अंतिम तिथि 14 अप्रैल थी। कलेक्टर श्री वरवड़े ने पंजीयन कार्य की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को निर्देश दिये कि पंजीयन कार्य में तेजी लाये। चिन्हित श्रेणी के शतप्रतिशत श्रमिकों का अनिवार्य रूप से पंजीयन किया जाये। यह ध्यान रखा जाये कि कोई भी पात्र श्रमिक पंजीयन से वंचित नहीं रहे। अगर किसी पात्र श्रमिक का नाम छूटता है अथवा पंजीयन कार्य में लापरवाही पायी जाती है तो संबंधित के विरूद्ध सख्त कार्यवाही की जायेगी। बैठक में समर्थन मूल्य पर गेहूं खरीदी कार्य की प्रगति की भी समीक्षा की गयी। बताया गया कि जिले में अब तक 80 हजार मैट्रिक टन गेहूं समर्थन मूल्य पर खरीदा जा चुका है। जिले में इस वर्ष एक लाख 16 हजार मेट्रिक टन गेहूं खरीदने का लक्ष्य है।
    बैठक में कलेक्टर श्री वरवड़े ने निर्देश दिये कि आगामी वर्षा ऋतु में पौध रोपण के लिए अभी से तैयारी शुरू कर दी जाये। पौध रोपण से जुड़ विभाग अपने-अपने स्तर पर कार्य योजना तैयार कर, प्रारंभिक तैयारी इसी माह के अंत तक पूरी कर लें। उन्होंने बताया कि जिले में एक मई से तालाब गहरीकरण का कार्य भी प्रारंभ किया जायेगा। निर्देश दिये गये कि यह तय किया जाय कि गहरीकरण का कार्य तकनीकि मापदण्ड के अनुसार ही हो। गहरीकरण कार्य से किसी भी तालाब को क्षति नहीं पहुंचे यह ध्यान रखा जाय। कलेक्टर श्री वरवड़े ने बाल विवाह की रोकथाम के लिए भी संबंधित विभाग को प्रभावी अभियान चलाने के निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि सामूहिक विवाहों पर सजग निगरानी रखी जाये।

स्वच्छता पखवाड़े में दिया साफ-सफाई का संदेश
इंदौर 16 अप्रैल 2018
      स्वास्थ्य विभाग से प्राप्त जानकारी के अपुसार 01 अप्रैल 2018 से प्रारंभ "स्वच्छता से सिद्धि " पखवाड़ा का समापन 15 अप्रैल 2018 को हुआ। इस दौरान जिले में विभिन्न गतिविधियों का संपादन किया गया। स्वच्छता शपथ ली गई, साथ ही साथ विकासखंड एवं झोन स्तर पर आशा को प्रशिक्षित कर कार्यक्रम के विस्तृत रूप रेखा तैयार की गई। स्वच्छता के संदेश समुदाय में प्रसारित किये गये। विश्व स्वास्थ्य दिवस पर 3एच की थीम पर स्वास्थ्य रेली निकाली गई तथा लोगों को स्वस्थ्य जीवन शैली के बारे में सेदेश दिए गए। समुदाय स्तर पर तथा संस्था स्तर पर रंगोली प्रतियोगिता का आयोजन किया गया,शालाओं में व्यक्तिगत स्वच्छता तथा हाथ धोने की विधि के बारे में बताया गया। संस्थाओं में, चिकित्सालयों में सघन साफ-सफाई की अपेक्षा की गई, मरीजों तथा परिजनों को स्वच्छता संबंधी संदेश दिए गए तथा सहयोग की अपेक्षा की गई।

एक मई से तालाब संरक्षण के लिये चलाया जायेगा प्रदेशव्यापी अभियान
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने भोपाल तालाब गहरीकरण कार्य में किया श्रमदान

मुख्यमंत्री श्री Shivraj Singh Chouhan ने कहा है कि प्रदेश में एक मई से 15 जून तक तालाब संरक्षण का अभियान चलेगा। इस अभियान के दौरान तालाबों के जीर्णोद्धार, गहरीकरण और नए तालाबों के निर्माण के कार्य किए जाएंगे। उन्होंने बताया कि प्रदेश में जल संरक्षण के प्रयासों पर विचार-विमर्श के लिये जल संसद का आयोजन किया जा रहा है। इस आयोजन में नदी और तालाब संरक्षण से जुड़े विशेषज्ञ शामिल होंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि तालाब के साथ ही प्रदेश में नदियों के पुनर्जीवन और गहरीकरण के कार्य भी किये जाएंगे। श्री चौहान आज भोपाल तालाब गहरीकरण अभियान के शुभारंभ अवसर पर नागरिकों को संबोधित कर रहे थे।
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने नागरिकों का आव्हान किया कि तालाब के संरक्षण के लिए आत्मीयता के साथ समर्पण की भावना से गहरीकरण कार्य में श्रमदान करें। गहरीकरण के कार्य में श्रमदान तालाब के साथ भावनात्मक जुड़ाव का प्रतीक है। तालाब और जल का संरक्षण, उसकी सीमाओं की रक्षा, शासन-प्रशासन के साथ ही जनता की भी जिम्मेदारी है। उन्होंने भरोसा जताया कि कर्तव्यनिष्ठ और जिंदा दिल भोपालवासी तालाब को निर्जीव नहीं होने देंगे।
महापौर श्री आलोक शर्मा ने कहा कि भोपाल का तालाब नगर की जीवन रेखा है, जिसमें शहर के प्राण, आत्मा और संस्कृति बसती है। उन्होंने कहा कि हर नागरिक का धर्म और कर्तव्य, तालाब का संरक्षण है। महापौर ने बताया कि तालाब को जीवंत बनाने के लिये गहरीकरण अभियान शुरू किया गया है। नागरिकों और संस्थानों द्वारा इस कार्य में बढ़-चढ़कर हिस्सेदारी निभाई जा रही है।
इस अवसर पर सांसद श्री आलोक संजर विधायक श्री सुरेंद्र नाथ सिंह श्री बृजेश लुणावत और श्री लोकेंद्र पाराशर सहित वरिष्ठ अधिकारी, जनप्रतिनिधि नागरिक, नर्सिंग होम एसोसियेशन, क्रेडाई, न्यू मार्केट व्यापारी संघ और गोविंदपुरा इंडस्ट्रियल एरिया संघ के पदाधिकारी उपस्थित थे। मानसरोवर ग्रुप ऑफ इंस्टिट्यूशन के सदस्यों ने इस मौके पर योगाभ्यास भी किया।
तीर्थदर्शन योजना के फार्म ग्रामीण क्षेत्र के जनपद में और
शहरी क्षेत्र के नगर नगिम जोनल ऑफिस में जमा होंगे
इंदौर 16 अप्रैल 2018
      मध्यप्रदेश शासन धामिक न्यास विभाग से प्राप्त निर्देशानुसार मुख्यमंत्री तीर्थदर्शन योजना के तहत नवीन व्यवस्थाओं के तहत आवेदन पत्र स्थानीय निकाय अर्थात नगर निगम द्वारा शहरी क्षेत्र तथा ग्रामीण क्षेत्र के जनपद पंचायतों में प्राप्त किये जाने की व्यवस्था की गई है। नवीन व्यवस्था के तहत आवेदन पत्र में आवेदक को समग्र आई डी दर्ज की जाना आवश्यक है।
      अतिरिक्त मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत इंदौर ने बताया कि नवीन व्यवस्था के तहत अब ग्रामीण क्षेत्रों के आवेदन जनपद पंचायत कार्यालय में तथा शहरी क्षेत्र में आवेदन पत्र झोनल कार्यालय में जमा किये जा सकेंगे। आवेदन पर समग्र आई डी नंबर अंकित एवं छायाप्रति संलग्न करना होगा। अगर आवेदक के पास समग्र आईडी नहीं है तो संबंधित स्थानीय निकाय द्वारा उसका आई डी नंबर नवीन जनरेट किया जायेगा। दिनांक 3 मई 2018 को रामेश्वर जाने वाली यात्रा के आवेदन 17 अप्रैल 2018 तक, दिनांक 11 मई 2018 को जगन्नाथपुरी जाने वाली यात्रा के आवेदन 26 अप्रैल 2018 तक तथा दिनांक 17 अप्रैल को कामाख्या देवी जाने वाली यात्रा के टिकट का वितरण जिला पंचायत इंदौर से 16 अप्रैल 2018 को किया जायेगा।
विपत्तिग्रस्त महिलाओं को मिलेगी सहायता
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आदेवन की अंतिम तिथि 25 अप्रैल
इंदौर 16 अप्रैल 2018
      मुख्यमंत्री महिला सशक्तिकरण योजना के तहत विपत्तिग्रस्त, पीड़ित, कठिन परिस्थितियों में निवास कर रही महिलाओं के आर्थिक एवं सामाजिक उन्नयन हेतु स्थायी प्रशिक्षण दिया जायेगा, ताकि रोजगार प्राप्त कर सके। यह प्रशिक्षण ऐसी संस्थाओं के माध्यम से दिया जायेगा, जिन संस्थाओं द्वारा जारी डिग्री या प्रमाण पत्र, शासकीय सेवाओं में मान्य हो। प्रशिक्षण पर होने वाला पूर्ण व्यय, जिसमें प्रशिक्षण शुल्क, आवासीय व्यवस्था शुल्क, भोजन एवं शिष्यवृत्ति शामिल रहेगी। ऐसी महिला का चयन जिला स्तर पर गठित चयन समिति द्वारा किया जायेगा। आवेदन पत्र मय पात्रता विवरण कार्यालय से 25 अप्रैल, 2018 को समय 3 बचे तक प्राप्त किये जा सकते हैं एवं 25 अप्रैल 2018 को शाम 5:30 बजे तक जमा किये जा सकते हैं।
      जिला महिला सशक्तिकरण अधिकारी ने बताया कि प्रशिक्षण प्रदान करने की इच्छुक शासकीय संस्था आवेदन आगामी 25 अप्रैल 2018 को शाम 5:30 बजे तक जिला महिला सशक्तिकरण अधिकारी, कार्यालय महिला सशक्तिकरण, 7,8, प्रभु नगर बैंक ऑफ बड़ौदा के ऊपर, अन्नपूर्णा रोड, इंदौर में जमा कर सकते हैं। कार्यालय का फोन नं.- 0731-2792100 और ई-मेल आईडी- weindore@gmail.com हैं।
उद्योग आधार मेमोरेण्डम में 14 हजार 401 करोड़ से ज्यादा पूँजी निवेश
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पाँच लाख 97 हजार व्यक्तियों को मिला रोजगार 
  इंदौर 16 अप्रैल 2018
    प्रदेश में सूक्ष्मलघु और मध्यम उद्यम में उद्योग आधार मेमोरेण्डम (यूएएम) के माध्यम से वित्तीय वर्ष 2017-18 में 14 हजार 401 करोड़ रुपये से ज्यादा का पूँजी निवेश किया गया है। इसमें लाख 97 हजार व्यक्तियों को रोजगार मिला है।
    सूक्ष्मलघु और मध्यम उद्यम राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री संजय-सत्येन्द्र पाठक के अनुसार सूक्ष्म उद्योग में 7319 करोड़लघु में 5450करोड़ और मध्यम उद्योग में 1632 करोड़ रुपये का निवेश हुआ है। इनमें से सूक्ष्म उद्योग में लाख 73 हजारलघु उद्योग में एक लाख हजार और मध्यम उद्योग में 15 हजार 831 व्यक्तियों को रोजगार मिला है। इन तीनों उद्योगों में अनुसूचित-जाति के 54 हजार 477 और अनुसूचित-जनजाति के 79 हजार 796 व्यक्तियों को रोजगार मिला है।
    लाख हजार उद्यमों ने कराया ऑनलाइन पंजीयन: राज्य मंत्री श्री पाठक ने बताया कि भारत सरकार के सूक्ष्मलघुमध्यम उद्यम मंत्रालय की अधिसूचना 18 सितम्बर, 2015 के बाद यूएएम पंजीयन की नई व्यवस्था लागू की गई है। इसमें उद्यमी घर बैठे ऑनलाइन पंजीयन करवा सकते हैं। प्रदेश में वित्तीय वर्ष 2017-18 में लाख हजार 142 उद्यमों द्वारा ऑनलाइन पंजीयन करवाया गया है। पंजीयन के मामले में धार जिला प्रथम और इंदौर जिला दूसरे स्थान पर है।
सर्वशिक्षा अभियान में खुले 27 हजार 910 नये प्राइमरी स्कूल
 इंदौर 16 अप्रैल 2018
     सर्वशिक्षा अभियान के अन्तर्गत स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा प्रदेश की सभी बसाहटों में स्कूलों की उपलब्धता सुनिश्चित की गई है। इस अभियान में 27 हजार 910 नये प्राइमरी स्कूल खोले गये हैं और 17 हजार 851 प्राइमरी स्कूलों का मिडिल स्कूलों में उन्नयन किया गया है। अभियान के पूर्व बसाहटों में प्रारंभ किये गये स्कूलों को मिलाकर अब प्राइमरी स्कूलों की संख्या 83 हजार 890 और मिडिल स्कूलों की संख्या 30 हजार 341 हो गई है। इस तरह सर्वशिक्षा अभियान प्रारंभ होने से प्राइमरी स्कूलों की संख्या में50 प्रतिशत और मिडिल स्कूलों की संख्या में 143 प्रतिशत की वृद्धि हुई है।
     सर्वशिक्षा अभियान के अन्तर्गत प्रदेश में 10 हजार 624 प्राइमरी और मिडिल स्कूलों के लिये नये भवन स्वीकृत किये गये। इनमें से हजार 209 स्कूल भवनों का निर्माण कार्य पूर्ण कर लिया गया है। शेष भवनों का निर्माण कार्य शीघ्र पूर्ण किया जा रहा है।
     शिक्षा का अधिकार अधिनियम के निर्धारित मापदंडों के अनुसार किसी भी बसाहट में से 11 वर्ष तक आयु वर्ग के न्यूनतम 40 बच्चे उपलब्ध होने पर एक किलोमीटर की परिधि में प्राइमरी स्कूल खोला जा रहा है। इसी प्रकार बसाहट में 11 से 14 वर्ष तक आयु वर्ग के न्यूनतम 12 बच्चे उपलब्ध होने पर किलोमीटर की परिधि में मिडिल स्कूल प्रारंभ किया जा रहा है।
एक मई से तालाब संरक्षण के लिये चलाया जायेगा प्रदेशव्यापी अभियान
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मुख्यमंत्री श्री चौहान ने भोपाल तालाब गहरीकरण कार्य में किया श्रमदान 
इंदौर 16 अप्रैल 2018 
     मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि प्रदेश में एक मई से 15 जून तक तालाब संरक्षण का अभियान चलेगा। इस अभियान के दौरान तालाबों के जीर्णोद्धार,गहरीकरण और नए तालाबों के निर्माण के कार्य किए जाएंगे। उन्होंने बताया कि प्रदेश में जल संरक्षण के प्रयासों पर विचार-विमर्श के लिये जल संसद का आयोजन किया जा रहा है। इस आयोजन में नदी और तालाब संरक्षण से जुड़े विशेषज्ञ शामिल होंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि तालाब के साथ ही प्रदेश में नदियों के पुनर्जीवन और गहरीकरण के कार्य भी किये जाएंगे। श्री चौहान आज भोपाल तालाब गहरीकरण अभियान के शुभारंभ अवसर पर नागरिकों को संबोधित कर रहे थे।
     मुख्यमंत्री श्री चौहान ने नागरिकों का आव्हान किया कि तालाब के संरक्षण के लिए आत्मीयता के साथ समर्पण की भावना से गहरीकरण कार्य में श्रमदान करें। गहरीकरण के कार्य में श्रमदान तालाब के साथ भावनात्मक जुड़ाव का प्रतीक है। तालाब और जल का संरक्षणउसकी सीमाओं की रक्षाशासन-प्रशासन के साथ ही जनता की भी जिम्मेदारी है। उन्होंने भरोसा जताया कि कर्तव्यनिष्ठ और जिंदा दिल भोपालवासी तालाब को निर्जीव नहीं होने देंगे।
     महापौर श्री आलोक शर्मा ने कहा कि भोपाल का तालाब नगर की जीवन रेखा हैजिसमें शहर के प्राणआत्मा और संस्कृति बसती है। उन्होंने कहा कि हर नागरिक का धर्म और कर्तव्यतालाब का संरक्षण है। महापौर ने बताया कि तालाब को जीवंत बनाने के लिये गहरीकरण अभियान शुरू किया गया है। नागरिकों और संस्थानों द्वारा इस कार्य में बढ़-चढ़कर हिस्सेदारी निभाई जा रही है।
      इस अवसर पर सांसद श्री आलोक संजर विधायक श्री सुरेंद्र नाथ सिंह श्री बृजेश लुणावत और श्री लोकेंद्र पाराशर सहित वरिष्ठ अधिकारीजनप्रतिनिधि नागरिकनर्सिंग होम एसोसियेशनक्रेडाईन्यू मार्केट व्यापारी संघ और गोविंदपुरा इंडस्ट्रियल एरिया संघ के पदाधिकारी उपस्थित थे। मानसरोवर  ग्रुप ऑफ इंस्टिट्यूशन के सदस्यों ने इस मौके पर योगाभ्यास भी किया।
मुख्यमंत्री किसान समृद्धि योजना के तहत
जिले के 13 हजार 302 किसानों को 28
करोड़ रूपये की प्रोत्साहन राशि वितरित
इंदौर 16 अप्रैल 2018
      मुख्यमंत्री किसान समृद्धि योजना के तहत आज लक्ष्मीबाई नगर कृषि उपज मण्डी परिसर में विशाल किसान सम्मेलन का आयोजन किया गया। सम्मेलन को संबोधित करते हुए जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती कविता पाटीदार ने कहा कि राज्य सरकार गांव, गरीब और किसानों की सरकार हैं। राज्य सरकार पिछले 14 वर्षो में गांव-गांव तक 24 घंटे बिजली, हर गांव में संपर्क मार्ग और पेयजल मुहैय्या कराया हैं। किसानों को प्रतिदिन आठ घंटे थ्री फेस और 16 घंटे सिंगल फेस बिजली मिल रही हैं1
      श्रीमती पाटीदार ने कहा कि देश में किसानों के लिए पहली बार मुख्यमंत्री भावांतर भुगतान योजना की शुरूआत की, जिसकी नकल भारत के अन्य राज्य भी कर रहे हैं। पिछले 14 वर्षो में कृषि उत्पादन कई गुना बढ़ गया हैं, जिसके कारण म.प्र. शासन को पिछले 5 वर्षो से  केन्द्र सरकार द्वारा कृषि उत्पादन बढ़ाने के लिए कृषि कर्मण पुरस्कार दिया जा रहा हैं। किसान भाइयों को खेती किसानी के परम्परागत खेती के अलावा पशुपालन, मुर्गी पालन, बकरी पालन, मधुमक्खी पालन और मत्स्य पालन उद्योग अपनाना हो तभी उनकी माली हालत सुधरेगी।
      इस अवसर पर राज्य नागरिक आपूर्ति निगम के उपाध्यक्ष श्री देवराज सिंह परिहार ने कहा कि राज्य सरकार ने किसानों हित में अनेक निर्णय लिए हैं। दो दशक पहले किसानों को 18 प्रतिशत वार्षिक ब्याज दर से लोन मिलता था, राज्य सरकार ने उसे शून्य प्रतिशत कर दिया हैं। प्रदेश में निछले 14 वर्षो में सिचांई का रकबा 10 गुना बढ़ा हैं। राज्य शासन ने आज प्रदेश के लगभग एक करोड़ किसानों को गत वर्ष कृषि उपज मण्डी में  खरीदे गये 1 करोड 65 लाख मैट्रिक टन गेंहूं के लिए 200 रूपये प्रति क्विंटल के मान से प्रोत्साहन राशि देते हुए लगभग 16 हजार करोड़ रूपये का भुगतान किया है।
      इस अवसर पर जिला पंचायत कृषि स्थाई समिति के अध्यक्ष श्री पुरषोत्तम धाकड़ ने कहा कि इस वर्ष भी किसानों को 200 रूपये प्रति क्विंटल प्रोत्साहन राशि दी जा रही हैं। इस वर्ष किसानों का गेंहू समर्थन मूल्य पर 1765 रूपये प्रति क्विंटल की दर से खरीदा जा रहा हैं। आज इंदौर जिले में 13 हजार 302 किसानों को गत वर्ष की गेंहू खरीदी पर लगभग 28 करोड़ रूपये ऑनलाइन वितरित किये जा रहे हैं। कार्यक्रम को विधायक सुश्री उषा ठाकुर ने भी संबोधित किया। सम्मेलन में प्रगतिशील किसान श्री रवि ठाकुर, धर्मेन्द्र, मिठ्ठु भाई, मंगीलाल, सुमित, पप्पु सिंह आदि को प्रतीकात्मक रूप से प्रोत्साहन राशि के चेक वितरित किये गये। 50 किसानों को इंदौर प्रीमीयर कॉपरेटिव बैंक द्वारा एटीएम कार्ड वितरित किये गये।
      कार्यक्रम में कलेक्टर श्री निशांत वरवड़े, जिला पंचायत की मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्रीमती कीर्ति खुरासिया और बड़ी संख्या में किसान मौजूद थे। कार्यक्रम को एक निजी न्यूज चैनल के माध्यम से मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने भी संबोधित किया।