Sunday, 20 May 2018

आज से संपूर्ण जिले में होगा विशेष ग्राम सभाओं का आयोजन
जिले में राजस्व प्रकरणों के निराकरण के लिए एक माह का लगेगा विशेष शिविर
आज से लेकर 21 जून तक विशेष ग्राम सभाओं का
आयोजन कर निराकृत किये जायेंगे प्रकरण
इंदौर 20  मई  2018
जिले में लंबित राजस्व प्रकरणों के निराकरण के लिए जिला प्रशासन द्वारा एक माह का विशेष अभियान शुरू किया जा रहा है  इस अभियान केअंतर्गत आज से लेकर 21 जून तक तीन चरणों में ग्राम सभाओं का आयोजन किया जायेगा और राजस्व प्रकरण निराकृत किये जायेंगे।  इनकेमाध्यम से सीमांकन, अविवादित नामांतरणअविवादित बंटवाराऋण पुस्तिका वितरण, खसरा प्राप्त न होना,  भूमि संबंधी विवाद, सीमांकन का लंबित होना, नक्शा प्राप्त न होना, भूमि संबंधी विवाद, रास्ता विवाद, पट्टा प्राप्त न होना आदि शिकायतों का प्राथमिकता के साथ निराकरण किया जायेगा।  इस अभियान के अंतर्गत राजस्व विभाग के मैदानी अधिकारी ग्राम पंचायतों में पहुंचेंगे । अभियान के अंतर्गत अभिलेखसुधार का कार्य भी किया जाएगा।
कलेक्टर श्री निशांत वरवड़े ने इस संबंध में सभी राजस्व विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिये हैं कि इस अभियान का प्रभावी क्रियान्वयनकरें 
 यह सुनिश्चित करें की अभियान के अंतर्गत कोई भी प्रकरण जिनका आवेदन आता है निराकरण से वंचित नहीं रहे
अपर कलेक्टर श्री कैलाश वानखेड़े ने बताया कि अभियान के संबंध में विस्तृत कार्ययोजना तैयार की गई है। अभियान के अंतर्गत ग्रामपंचायतों में विशेष ग्राम सभाओं का आयोजन तीन चरणों में किया जाएगा । ग्राम पंचायतवार ग्राम सभाएं आयोजित करने के लिए जिला पंचायत कीमुख्य कार्यपालन अधिकारी को नोडल अधिकारी बनाया गया है । इस अभियान के अंतर्गत मैदानी अधिकारी ग्राम सभाओं में पहुंचकर नागरिकों सेआवेदन प्राप्त करेंगे और उनका निराकरण करेंगे। अभियान के अंतर्गत विभिन्न अधिनियम के तहत आवासीय पट्टे जारी किए जाएंगे । यह पट्टे विभिन्नश्रेणियों में दिए जाएंगे।  
अभियान के अंतर्गत ग्राम सभाओं में प्राप्त आवेदनों को सूचीबद्ध कर सरपंच  सचिव के हस्ताक्षर से पत्र तहसीलदार एवं प्रभारी तहसीलदार केसाथ ही राजस्व निरीक्षकों को आवेदन पत्र दिए जाएंगे । तहसीलदारनायब तहसीलदार वर्गीकृत कर उन्हें अनुविभागीय अधिकारी राजस्व को अगलेदिन प्रस्तुत करेंगे। अपर कलेक्टर के समक्ष उपरोक्त आवेदनों की सूची के साथ लंबित सीएम हेल्पलाइन, जनसुनवाई, विविध आयोग, वरिष्ठ कार्यालय से प्राप्त शिकायतों का एकत्र कर प्रस्तुत किया जायेगा। प्रतिदिन प्राप्त शिकायतों और उनके निराकरण की समीक्षा अपर कलेक्टर द्वारा की जायेगी।
द्वितीय चरण की ग्राम सभाएं 29 मई से 1 जून के बीच आयोजित की जाएगी। प्रथम चरण की ग्राम सभा में प्राप्त आवेदनों पर विचार कर उनका निराकरण किया जाएगा। इन आवेदनों को ग्राम सभा में संकल्प की श्रेणी में रखकर पंजी में विवरण अंकित किया जाएगा। अविवादित नामांतरणऔर बंटवारा के आवेदनों का वाचन किया जाएगा। नए आवेदन भी स्वीकार कर उन पर विचार किया जायेगा और ग्राम सभा के द्वारा निर्णय लिया जाएगा।
 बंटवारे के बारे में ग्राम सभा द्वारा संख्या प्राप्त कर उन्हें सूचीबद्ध कर ग्राम पंचायत के सचिव द्वारा मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायतद्वारा नामित अधिकारी को दिए जाएंगे । तहसीलदारों को उन निर्णयों के क्रियान्वयन हेतु मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद द्वारा संपूर्ण आवेदनों पर दिये गये निर्णयों के साथ पत्र प्रस्तुत किया जाएगा।                 
तीसरे चरण की ग्राम सभाएं 10 जून से 15 जून के बीच आयोजित की जाएगी ।  ग्राम सभाओं में पंचायत पंजी में विवरण को लेखबद्ध कियाजाएगा। सीमांकन और अन्य आवेदनों का निराकरण समस्त लंबित सीमांकन प्रकरणों  के निराकरण के लिए तहसीलदार द्वारा सीमांकन दिवसनिश्चित किया जाएगा।
 सीमांकन प्रकरणों का निराकरण शासन के निर्देशानुसार किया जाना है। प्रत्येक लंबित सीमांकन हेतु तारीख का निर्धारण करअधीक्षक भू अभिलेख को उसकी जानकारी दी जाएगी।
  सीमांकन का कार्य सतत चलता रहे यह सुनिश्चित किया जाएगा। राजस्व निरीक्षक द्वाराप्रतिदिन किए गए सीमांकन की जानकारी तहसीलदार और नायब तहसीलदार को दी जाएगी। अभियान के दौरान अपर कलेक्टर, मुख्य कार्यपालनअधिकारी जिला पंचायत, जनपद पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों द्वारा सतत भ्रमण कर अभियान की समीक्षा की जायेगी 

/विजय/सिंह

अभी तक 32 लाख 48 हजार व्यक्तियों को मिले आवासीय भू-खण्ड

 इंदौर, 20 मई 2018.
राज्य शासन द्वारा आवासहीन व्यक्तियों को आवास के लिये भू-खण्ड उपलब्ध कराने का निर्णय लिया गया है। इसके लिये भू-खण्ड अधिकार अभियान चलाया गया है। अभियान में 18 मई तक 32 लाख 48 हजार से अधिक भूमिहीन व्यक्तियों को आवास के लिये भू-खण्ड दिये जा चुके हैं। मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान की मंशानुसार प्रदेश में सभी आवासहीनों को आवास के लिये भूमि उपलब्ध करवाने का अभियान सतत जारी है। इस संबंध में प्रदेश में कानून भी बनाया जा चुका है।
भू-खण्ड अधिकार अभियान के अंतर्गत एक जनवरी, 2018 के पहले 26 लाख 64 हजार 610 और एक जनवरी, 2018 के बाद लाख 83 हजार 466 भू-खण्ड के पट्टे आवास के लिये पात्र भूमिहीन व्यक्तियों को वितरित किये जा चुके हैं।
 राज्य शासन द्वारा यह भी निर्णय लिया गया है कि यदि किसी व्यक्ति ने 31 दिसम्बर, 2014 के पहले निवास और उसके अनुशांगिक प्रयोजन के लिये भवन का निर्माण कर लिया हैतो वह जमीन उसे आवंटित कर दी जायेगी। इस संबंध में अधिनियमों में जरूरी संशोधन किये जा चुके हैं।
यह आवासीय भू-खण्ड आबादी क्षेत्र मेंघोषित आबादी मेंदखलरहित भूमि में व्यवस्थापनवास-स्थान दखलकार अधिनियम और नगरीय क्षेत्रों में पट्टाधृति अधिकार के अंतर्गत दिये गये हैं।
प्रमुख सचिव राजस्व श्री अरुण पाण्डेय ने जानकारी दी है कि जिला श्योपुर में 61 हजार 946, मुरैना में 52हजार 660, भिण्ड में 99 हजार 700, ग्वालियर में 44 हजार 809, शिवपुरी में एक लाख 59 हजार 544, गुना में 59हजार 518, अशोकनगर में 51 हजार 464, दतिया में 18 हजार 283, देवास में 75 हजार 740, रतलाम में 66 हजार43, शाजापुर में 18 हजार 75, आगर में 32 हजार 113, मंदसौर में 46 हजार 866, नीमच में 34 हजार 728, उज्जैन में 98 हजार 230, इंदौर में 70 हजार 922, धार में 24 हजार 78, झाबुआ में 7605, खरगोन में 32 हजार 905,बड़वानी में 3577, खण्डवा में 6956, बुरहानपुर में 24 हजार 158 और अलीराजपुर में 2365 व्यक्तियों को आवासीय पट्टे वितरित किये जा चुके हैं।
भोपाल में 70 हजार 644 भूमिहीनों को पट्टे
इसी तरह जिला भोपाल में 70 हजार 644, सीहोर में 87 हजार 898, रायसेन में 85 हजार 678, राजगढ़ में 95हजार 348, विदिशा में 82 हजार 273, बैतूल में 91 हजार 786, होशंगाबाद में 75 हजार 348, हरदा में 45 हजार33, सागर में 76 हजार 67, दमोह में एक लाख 86 हजार 678, छतरपुर में 52 हजार 282, टीकमगढ़ में एक लाख14 हजार 643, पन्ना में 49 हजार 389, जबलपुर में एक लाख 78 हजार 764, कटनी में 62 हजार 260, नरसिंहपुर में 39 हजार 783, छिन्दवाड़ा में एक लाख 19 हजार 444, मण्डला में 16 हजार 804, डिण्डोरी में 26 हजार 782,सिवनी में 79 हजार 963, बालाघाट में 85 हजार 293, रीवा में 61 हजार 500, सिंगरोली में 13 हजार 550, सीधी में41 हजार 701, सतना में 34 हजार 38, शहडोल में एक लाख 41 हजार 628, अनूपपुर में 48 हजार 466 और उमरिया में 66 हजार 105 भूमिहीन व्यक्तियों को आवासीय भूमि के पट्टे वितरित किये गये हैं।

/सिंह/विजय