Friday, 4 May 2018

श्रमिकों की न्यूनतम वेतन दरें पुन: निर्धारित
अकुशल श्रमिकों को मिलेगें 7 हजार 325 रूपये मासिक
इंदौर 04 मई 2018
    कलेक्टर श्री निशांत वरवड़े ने न्यूनतम वेतन अधिनियम 1984 के तहत विभिन्न नियोजनों के लिए 01 अप्रैल 2018 से 30 सितंबर 2018 तक आकस्मिक निधि से वेतन पाने वाले मासिक एवं दैनिक वेतन भोगी कर्मचारियों के लिए मासिक एवं दैनिक वेतन की दरें जिसमें परिवर्तनशील महंगाई भत्ता सम्मिलित हैं। नियमानुसार दरों को निर्धारित किया हैं। प्रतिदिन 8 घंटे काम करने वाले कर्मचारी को पूर्णकालिक एवं 5 घंटे या इससे कम समय काम करने वाले कर्मचारियों को अंशकालिक माना जायेगा। अब अकुशल श्रमिकों को 7 हजार 325 रूपये, अर्द्धकुशल श्रमिकों को 8 हजार 182 रूपये, कुशल श्रमिकों को 9 हजार 560 और उच्च कुशल श्रमिकों को 10 हजार 860 रूपये मासिक पारिश्रमिक मिलेगा।
    निर्धारित दैनिक वेतन की दरें 30 दिन से विभाजित कर निर्धारित की गई हैं। इसलिए सभी कर्मचारियों एवं श्रमिकों को वेतन सहित साप्ताहिक अवकाश देय होगा अर्थात मासिक वेतन में से साप्ताहिक अवकाश के लिए कोई कटोती नहीं की जा सकेगी। यदि किसी पद के लिए न्यूनतम वेतन अधिनियम के अंतर्गत आने वाले किसी नियोजन में वेतन निर्धारित किया गया हो, तो नवीन नियक्त दैनिक वेतन भोगी कर्मचारी को भी वही वेतन देय होगा जो न्यूनतम वेतन अधिनियम के अंतर्गत देय हैं। चाहे किसी पद य उसके समकक्ष पद के लिए कलेक्टर द्वारा वेतन निर्धारित किया गया हो।
    सभी प्रकार के शासकीय नियोजन के लिए चाहे वे किसी विभाग से संबंधित हों के दैनिक वेतन भोगी कर्मचारी के वेतन निर्धारित न्यूनतम वेतन आदि नियम के अंतर्गत किया जावेगा तथा अधिनियम के अंतर्गत ही वेतन भी देय होगा। चाहे कर्मचारी राज्य शासन के किसी भी विभाग के अंतर्गत कार्य कर रहा हो। किसी भी स्थापना अथवा उपक्रम में प्रचलित वेतन दरें अधिसूचित मूल न्यूनतम दरों तथा देय परिवर्तनशील मंहगाई भत्ते के योग से अधिक होने पर यह समझा जायेगा कि स्थापना या उपक्रम द्वारा अधिसूचित मूल न्यूनतम दर पर तथा परिवर्तनशील मंहगाई भत्ते दिये जाने का पालन किया जा रहा है, यदि मंहगाई भत्ते के योग से कम हैं तो श्रमिक अंतर की राशि के लिए पात्र होगें। इन दरों के निर्धारण का उद्देश्य कोई नवीन पद कायम करने का नहीं हैं।
    जहां विभागों के द्वारा अलग से वेतन निर्धारित किया जाता हैं, वहां इन दरों को ध्यान में रखते हुए वेतन निर्धारित किया जाये। यह दरें इन कर्मचारियों को लागू नहीं होगी जो म.प्र. वर्कचार्ज्ड कांटिजेंसी के एम्प्लाइज वेतन श्रेणी नियम 1947 के अंतर्गत आते हैं और जहाँ विभागों द्वारा अलग से वेतन निर्धारित किया जाता हैं। इस आदेश के अंतर्गत बढ़ी हुई राशि का भुगतान 01 अप्रैल 2018 से देय होगा।

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