Monday, 21 May 2018

प्राणी संग्रहालय में आते हैं हर साल लगभग 13 लाख दर्शक
इंदौर 21 मई 2018
       नगर निगम इंदौर शहर के बीचो-बीच स्थित प्राणी संग्रहालय के आधुनिकीकरण, विकास और रख्ररखाव के लिये कृत संकल्पित है। प्राणी संग्रहालय में नये जानवरों को लाना, उन्हें प्राकृतिक वातावरण देना, उनके नवजात शिशुओं की देखररेख करना और बीमार होने पर उनका इलाज करना आवश्यक हैं। प्राणी संग्रहालय में प्रवेश सशुल्क है। अत: दर्शकों के लिये सुविधायें मुहैया कराना प्राणी संग्रहालय का मुख्य काम है। दर्शकों के लिये यहाँ पर शेड, प्याऊ, फव्वारे आदि की भी सुविधा है। प्राणी संग्रहालय में हर साल लगभग 13 लाख दर्शक आते है।
       प्राणी संग्रहालय में उद्यानों के चौतरफा विकास किया जा रहा है। क्षेत्र क्रमांक 03 में 02 नवीन बगीचों का विकास किया गया है, व 10 हजार पौधों का रोपण किया गया हैं। जिसमें कई वैरायटी जैसे औषधीय पौधे, फलदार पौधे, फूलदार पौधे, सजावटी पौधे लगाये गये ह, ताकि जू में आने वाले दर्शक प्राणियों के साथ-साथ बाग बगीचों का भी आनंद उठायें। इसके साथ ही प्राणी संग्रहालय टायगर के बाड़े के पास नवीन फाउण्टेन का निर्माण कार्य किया गया एवं उसी के समीप पेड़ पर लकड़ी का मचान बनाया गया, जो कि वर्तमान में दर्शकों का सेल्फी पाइंट बन गया है। राशन गोडाउन के सामने रिक्त भूमि पर नवीन विशाल गार्डेन/लॉन बनाया गया है। नगर निगम एवं झोन में रखे स्क्रेप को प्राणी संग्रहालय में ला कर सभी गार्डन एवं लॉनों में बाउण्ड्री(रेलिंग) लगाई गई है।
       खेती का कार्य:-        प्राणी संग्रहालय के केदीबाग में रिक्त भूमि लगभग 8 एकड में विभाग द्वारा खेती की जा रही है, जिसमें शाकाहारी वन्य प्राणियों के लिये मक्का, चरी बरसीम लगाई जा रही है, जिससे वन्य प्राणियों को ताजा चारा दिया जाता है एवं नगर निगम खजाने का 10 लाख रूपये साल की बचत हुई है।
       पब्लिक सुविधा:-  बरसात से बचाव हेतु दर्शकों के लिये शेड, बच्चों के लिये रिक्त भूमि पर अस्थाई किड्स प्ले झोन पर नवीन झूले, फूट रोड पर छायादार पेड, प्रत्येक पिंजरों के बाहर दर्शकों को धूप से बचाने हेतु छायादार पेड़, पिजरों के अंदर ड्रिप एरिकेशन पाइप लाइन डाल कर फलदार पौधे, गर्मी को दृष्टिगत रखते हुए 5 नवीन वाटर कूलर तथा दर्शकों के मनोरंजन हेतु 2 नीवन फव्वारे लगाये गये है।
       वर्तमान में चल रहे कार्य:- व्हाइट टायगर के बाड़े का निर्माण कार्य, रेप्टाइल हाउस निर्माण कार्य, मंकी आयलैण्ड निर्माण कार्य तथा शोवर्नियर शॉप निर्माण कार्य प्रगति पर है। इसके अलावा बर्ड एवेरी का निर्माण कार्य एवं बेटरी ऑपरेटेड कार का कार्य प्रस्तावित है।
       प्राणी संग्रहालय में जन्म लिये प्राणी:- प्राणी संग्रहालय में प्राकृतिक वातावरण देने के फलस्वरूप विगत एक वर्ष में जन्म लेने वाले प्राणियों में लायन 4, भेड़िया 8, चिंकारा 2, जंगली बिल्ली 1, भालू 3, सफेद मोर 8, बंजरिगर 3, काकाटील 4, लव बर्ड 4 तथा पेन्टर्ड स्टॉक 2 है।
       प्राणी संग्रहालय के प्राणियों के अतिरिक्त विभिन्न जिलों इंदौर, धार, झाबुआ, देवास, खण्डवा, खरगोन आदि रेंज के वन्य प्राणियों का उपचार हेतु वन विभाग द्वारा लाया जाता है, जिनका उपचार भी जू द्वारा किया जाता है। वन्य प्राणियों को नियंत्रित करने हेतु जर्मनी से टेलीस्कोप गन मंगाई गई है।
              गत एक वर्ष में वन विभाग द्वारा रेस्क्यू कर उल्लू 12, पहाड़ी कछुए 7, कैट 4,  बॉज, मोर, लंगूर एवं हिरण 3-3 तथा नीलगाय एवं सियार 2-2 जू में लाये गये, जिनका उपचार जू द्वारा किया गया।

/सिंह/विजय

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