कृषि विभाग द्वारा सोयाबीन कृषकों के लिए उपयोगी सलाह
इंदौर 27 जून 2017
प्रदेश के कई जिलों में दो सप्ताह पूर्व हुई मानसून पूर्व वर्षा को देखते हुए किसानों द्वारा सोयाबीन की बोवनी किये जाने के समाचार हैं। जिन किसानों ने सोयाबीन की बोवनी की है, उन्हें नवजात पौधों को बचाने एंव नमी संरक्षण हेतु डोरा/कुलपा चलाने की सलाह दी गई हैं। साथ ही कहा गया है कि संभव होने पर सिचांई भी करंे। ऐसे क्षेत्र जहां अभी तक सोयाबीन की बोवनी नहीं हुई हैं, वहां के किसानों को सलाह दी गई है कि वे मानसून के आगमन के पश्चात लगभग 100 मिलीमीटर वर्षा होने पर ही सोयाबीन की बोवनी करें।
कृषि विभाग द्वारा किसानों को सलाह दी गई है कि वह बोनी के पूर्व बीज अंकुरण क्षमता की जांच कर लें, न्यूनतम 70 प्रतिशत बीज अंकुरण क्षमता पाएं जाने पर ही बोनी करें। इससे कम अंकुरण क्षमता मिलने पर उसी अनुपात से बीज दर बढ़ाकर बोनी करें। फसलों को विभिन्न बिमारियों विशेष कर पीला मोजाइक बीमारी से बचाने के लिए बीज को उपचारित कर ही बोनी की जाए। कीटनाशक औषधि से उपचारित करने के पश्चात कल्चर का उपयोग भी करें।
सिंह/कपूर
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