लोक सेवा गारंटी अधिनियम के जुर्माने की राशि
संबंधित अधिकारी के वेतन से होगी वसूल
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सीएम हेल्पलाइन में गंभीरता बरतने और
प्रकरणों के निराकरण में और तेजी लाने के निर्देश
इंदौर,25 जुलाई, 2017
कलेक्टर श्री निशांत वरवड़े ने कहा है कि लोक सेवाओं के प्रदाय की गारंटी अधिनियम में कोई भी मामला समयावधि से बाहर लंबित नहीं रहना चाहिये। यदि किसी भी पदाभिहित अधिकारी के प्रकरण समयावधि से बाहर के पाये जाते हैं तो संबंधित अधिकारी के विरूद्ध जुर्माने की कार्यवाही की जायेगी। जुर्माना संबंधित अधिकारी के वेतन से वसूल किया जायेगा। कलेक्टर श्री वरवड़े मंगलवार को समय सीमा संबंधी लंबित पत्रों के निराकरण की प्रगति समीक्षा बैठक में अधिकारियों से चर्चा कर रहे थे। इस अवसर पर एडीएम श्री अजय शर्मा, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत श्रीमती कीर्ति खुरासिया,सभी एसडीएम व विभिन्न विभागों के जिला अधिकारीगण मौजूद थे।
प्रतिदिन काम की शुरूआत सीएम हेल्पलाइन से करें
बैठक में कलेक्टर श्री वरवड़े ने सीएम हेल्पलाइन में विभिन्न विभागों के लंबित पुराने प्रकरणों को रेण्डमली चयनित कर निराकरण की प्रगति देखी तथा आवश्यक दिशा-निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि सीएम हेल्पलाइन में प्रकरणों के निराकरण में और तेजी लाने की जरूरत है। सीएम हेल्पलाइन से संबंधित मामलों को गंभीरता से देखने और प्रतिदिन कार्यालय में आकर काम की शुरूआत सीएम हेल्पलाइन, लोक सेवा गारंटी के प्रकरणों के निराकरण से ही करने के निर्देश दिये। कलेक्टर श्री वरवड़े ने कहा कि आगे से वे इस बात की भी मॉनिटरिंग करेंगे कि किन-किन अधिकारियों द्वारा सीएम हेल्पलाइन को प्रतिदिन देखा जा रहा है तथा प्रकरणों के निराकरण हेतु प्रयास किये गये हैं। उन्होंने इस संबंध में प्रबंधक लोक सेवा केन्द्र को भी निर्देश दिये कि वे प्रतिदिन यह जानकारी उनके समक्ष प्रस्तुत करेंगे कि किस अधिकारी ने कितने बजे सीएम हेल्पलाइन पोर्टल को देखा।
हर सप्ताह होगी डिफाल्टर विभागों की समीक्षा
कलेक्टर श्री वरवड़े ने जनसुनवाई के आवेदनों पर अधिकारियों द्वारा की गयी कार्यवाही की भी रेण्डम आधार पर चयनित कर समीक्षा की तथा निर्देश दिये कि अधिकारीगण जनसुनवाई में प्राप्त आवेदनों को सीएम हेल्पलाइन में आवश्यक रूप से दर्ज करायें। बैठक में समय-सीमा संबंधी पत्रों के निराकरण की स्थिति की उत्तरा पोर्टल के माध्यम से समीक्षा की तथा अधिकारियों को निर्देश दिये कि समय-सीमा संबंधी पत्रों का निराकरण पूर्ण संवेदनशीलता के साथ निर्धारित समयावधि में करें। वरिष्ठ कार्यालय से प्राप्त पत्रों के जबाव भी समय-सीमा में भिजवाये जायें। मुख्यमंत्रीजी की घोषणाओं पर अमल के संबंध में भी अधिकारियों को दिशा निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि जिला योजना अधिकारी हर सप्ताह टीएल मीटिंग में शीर्ष पाँच डिफाल्टर विभागों की जानकारी लेकर आयेंगे । इसके अलावा आगे से मुख्यमंत्रीजी की घोषणाओं की भी रेण्डम आधार पर घोषणाओं का चयन कर समीक्षा की जायेगी। बैठक में कलेक्टर श्री वरवड़े ने कहा कि जमीन संबंधी आवंटन के कारण यदि मुख्यमंत्रीजी की घोषणा लंबित है तो संबंधित विभाग के अधिकारीगण उनके ध्यान में यह बात तत्काल लायेंगे, ताकि जमीन आवंटन हेतु तत्परता से कार्यवाही करायी जा सके।
अंतर्विभागीय समन्वय संबंधी मामलों पर हुई चर्चा
बैठक में अंतर्विभागीय समन्वय संबंधी मुद्दों पर भी चर्चा की गयी। बताया गया कि अगस्त माह में मिल-बांचे कार्यक्रम आयोजित किया जाना प्रस्तावित है। कलेक्टर श्री वरवड़े ने अधिकारियों को निर्देश दिये कि मिल-बांचे कार्यक्रम हेतु पंजीयन की कार्यवाही पर विशेष रूप से ध्यान दिया जाये। शासकीय योजना के तहत फिटनेस सेंटर हेतु जमीन आवंटन में आ रही कठिनाई से भी अवगत कराया गया। कलेक्टर श्री वरवड़े इस संबंध में आवश्यक कार्यवाही हेतु एसडीएम सांवेर को निर्देशित किया।
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