जनसुनवाई
में त्वरित निराकरण से मीठी यादे लेकर गयी शबाना शाह
दत्तक
पुत्र हाशिम शाह का जाति प्रमाण पत्र बनाने पर अधिकारियों को दिया साधुवाद
इंदौर, 20 मार्च 2018
जनसुनवाई में आज अलग नजारा
देखने को मिला। वैसे तो लोग जनसुनवाई में अपनी समस्याएं लेकर आते है, परन्तु आज
जनसुनवाई में एक महिला अपने आवेदन का निराकरण होने पर कलेक्टर श्री निरशांत वरवड़े
के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करने के लिये फूलों का गुलदस्ता लेकर पहूंची। उन्होंने
यह गुलदस्ता अपने दत्तक पुत्र के जाति प्रमाण पत्र बनने पर उपस्थित अधिकारियों को
भेंट किया तथा उपस्थितजनों को मिठाई भी खिलाई।
राज्य शासन द्वारा शुरू की गयी जनसुनवाई जनसमस्याओं
के त्वरित एवं प्रभावी निराकरण का सशक्त माध्यम साबित हो रही है। इस प्रक्रिया के माध्यम
से बड़ी संख्या में लोग सीधे कलेक्टर व जिले के अन्य अधिकारियों से मंगलवार को सीधी
अपनी समस्याएं उनके समक्ष रख पाते है। अधिकारी भी जनसुनवाई में प्राप्त समस्याओं को
प्राथमिकता से व मौके पर ही निराकरण का यथा संभव प्रयास करते है।
जनसुनवाई में आज
मंगलवार को चंदन नगर निवासी शबाना शाह भी कलेक्टोरेट पहुंची । वे जनसुनवाई में कोई
समस्या लेकर नहीं आयी थी, बल्कि कलेक्टर श्री निशांत वरवड़े को धन्यवाद देने तथा
उनकी समस्या के त्वरित व प्रभावी निराकरण के लिए गुलदस्ते से सम्मान करने आयी थी।
जनसुनवाई में उन्होंने एडीएम श्रीमती रूचिका चौहान व एडीएम श्री अजयदेव शर्मा को
गुलदस्ते भेंट किये तथा मिठाई खिलाकर अपनी खुशी का इजहार भी किया। एडीएम श्री शर्मा
ने कलेक्टर श्री निशांत वरवड़े से शबाना शाह की दुरभाष पर चर्चा भी करायी, जिसमें शबाना
बी ने कलेक्टर श्री निशांत वरवड़े को धन्यवाद दिया। शबाना बी ने बताया कि वह अपने
दत्तक पुत्र हाशिम शाह का जाति प्रमाण पत्र बनवाने के लिए आवेदन किया था, किन्तु
समस्या का हल नहीं हो पा रहा था। इस पर उन्होंने जनसुनवाई में समस्या के हल के लिए
आवेदन किया। हालाकि समस्या पेचीदा थी, किन्तु कलेक्टर श्री निशांत वरवड़े की संवेदनशीलता
व समस्याओं के निराकरण के प्रति गंभीरता के कारण समस्या का प्रभावी निराकरण संभव
हो सका है। इतनी पेचीदा समस्या के हल के लिए वे जिला प्रशासन को धन्यवाद देना नहीं
भूली। शबाना शाह ने जनसुनवाई में समस्याओं के त्वरित निराकरण की प्रक्रिया पर खुशी
जाहिर की और कलेक्टोरेट सभाकक्ष से समस्या का प्रभावी निराकरण होने पर अपनी स्मृति
में मीठी यादें लेकर प्रस्थान कर गयी।
क्रमांक/175/398/भदौरिया/विजय
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